जिलाधिकारी चंद्रभूषण सिंह ने अप्रैल, मई और जून की अवधि की फीस आगामी महीनों में समायोजित करने का आदेश दे दिया है। इसके साथ ही इस अवधि में जिन संस्थाओं या स्कूलों में आनलाइन पढ़ाई शुरू होगी, वहां के बच्चे को इस सुविधा का लाभ दिया जाएगा। किसी को आनलाइन पढ़ाई से वंचित नहीं किया जाएगा। चाहे उसकी फीस जमा हुई हो या नहीं..।
जिलाधिकारी ने कहा है कि आनलाइन पढ़ाई से किसी बच्चे को रोकने या इस तरह की कोई भी शिकायत आने पर संबंधित स्कूल संचालक या शिक्षण संस्थाओं के प्रबंधन पर महामारी अधिनियम के तहत कड़ी कार्रवाई होगी। जिला प्रशासन ने सोमवार को सभी स्कूलों, शैक्षणिक संस्थाओं को तीन महीने की फीस वर्तमान में जबरन नहीं वसूलने का आदेश जारी किया है। ये आदेश महामारी अधिनियम के तहत दिया गया है क्योंकि अभी लॉकडाउन जारी है और सभी काम धंधे बंद हैं। आगामी 14 अप्रैल के बाद भी इसके आगे बढने की संभावना बन रही है। ऐसे में कई स्कूलों में शैक्षणिक सत्र को नियमित रखने के उद्देश्य से आनलाइन पढ़ाई शुरू हो गई है। अलीगढ़ सहित प्रदेश के कई शहरों के नामचीन स्कूलों ने ई-क्लास को अपनाया है। ऑनलाइन कक्षाएं शुरू हुई है।
जिन बच्चों की फीस जमा है, या जिन बच्चों की फीस नहीं जमा हो सकी है। सभी को आनलाइन क्लास से जोड़ा गया है। यही नहीं जिनकी प्रवेश प्रक्रिया पूरी नहीं हुई थी, उनको भी इसका लाभ दिया जा रहा है। जिससे आगे उनका कोर्स सभी के साथ आगे बढ़ सके।
-प्रवीण अग्रवाल, अध्यक्ष पब्लिक स्कूल डेवलेपमेंट सोसायटी व डायरेक्टर कृष्णा इंटरनेशनल स्कूल।