नगर के मोहल्ला नगाइचपाड़ा और उसके आसपास के इलाके में डायरिया का प्रकोप लगातार बढ़ता जा रहा है। डायरिया से तीन और लोगों सुशील, सतीश और 10 माह के भावेश की मौत हुई है। मृतकों की संख्या पांच हो गई है। मंगलवार को 25 नए मरीज मिले हैं, डीएम संजीव रंजन ने भी अतरौली पहुंचकर अस्पताल में भर्ती मरीजों के स्वास्थ्य के बारे में जानकारी की और मोहल्लों में जाकर पीड़ित लोगों से मिले।
नगर के मोहल्ला सराय देवीदास निवासी सुशील कुमार वर्मा (52) टेलर की दुकान चलाते थे। परिजनों ने बताया कि रक्षाबंधन के दिन वह अपनी पत्नी स्नेहलता के साथ अलीगढ़ स्थित पक्की सराय गए थे, वहां से शाम को लौटकर आए। कुछ देर बाद उनकी उल्टी-दस्त के साथ तबियत खराब हो गई। परिवार के लोग उन्हें सीएचसी लेकर पहुंचे, जहां से उन्हें दीनदयाल अस्पताल रेफर कर दिया।
बेटे विनय कुमार ने बताया कि रविवार को फायदा नहीं होने पर अलीगढ़ के एक प्राइवेट अस्पताल में उन्हें भर्ती कराया गया, जहां सोमवार की शाम उनकी मौत हो गई। मोहल्ला नगाइचपाड़ा निवासी सतीश कुमार (60) रक्षाबंधन के दिन डायरिया पीड़ित हुए थे। परिवार के लोग अस्पताल ले जा रहे थे कि उनकी उसी दिन रात को मौत हो गई।
बुलंदशहर के गांव बढ़ारपुर निवासी उमेश कुमार रक्षाबंधन पर पत्नी अंकुल और 10 माह के बेटे भावेश के साथ ससुराल गांव बसईं आए थे। परिजनों के मुताबिक सोमवार रात बच्चे भावेश को उल्टी-दस्त डायरिया की शिकायत हुई। परिवार के लोग मंगलवार सुबह उसे अस्पताल लेकर पहुंचे लेकिन भर्ती करने से पहले ही बालक की मौत हो गई।
वहीं नगर क्षेत्र में मरीजों की संख्या करीब 125 पहुंच गई है। अस्पताल में भर्ती 48 मरीजों में से 14 को स्वास्थ्य लाभ होने के कारण अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया। मंगलवार को जिलाधिकारी संजीव रंजन सिंह, एडीएम प्रशासन पंकज कुमार, सीएमओ डॉक्टर नीरज त्यागी अतरौली पहुंचे, उन्होंने स्थिति का जायजा लिया।
डायरिया की स्थिति पर अब नियंत्रण है। पानी और मल की रिपोर्ट कल तक आने की संभावना है। दो लोगों की मौत डायरिया से होना पाया गया है। दस माह के बालक की मौत का कारण दवा का कुछ रियेक्शन बताया जा रहा है। नीरज त्यागी, सीएमओ अलीगढ़