पूर्व विधायक राकेश सिंह की गाड़ी से काली फिल्म उतरवाते पुलिस कर्मी।
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महानगर के रामघाट रोड पर पुलिस अधिकारियों की पैदल गश्त के दौरान अजीब-ओ-गरीब घटनाक्रम हुआ। जनकपुरी के पास सड़क पटरी पर खड़ी काली फिल्म चढ़ी कार को देख पुलिस अधिकारियों ने उसे थाने भेजने का फरमान सुना दिया। दो सिपाही भी उसमें सवार हो गए और लेकर चलने लगे। उसमें पूर्व एमएलए ठा. राकेश सिंह की पत्नी सवार थीं। यह खबर जब उन्हें लगी तो वह मौके पर आ गए और गाड़ी रुकवाकर पुलिस अधिकारियों को खरी खोटी सुनाई। कुल मिलाकर पूर्व विधायक दूसरे वाहन से अपनी पत्नी को साथ ले गए, जबकि उनका ड्राइवर फिल्म उतरवाने के बाद कार को वहां से ले गया।
दोपहर में जनकपुरी पर हुई लूट के बाद सीओ तृतीय, एएसपी आदि रामघाट रोड पर पैदल गश्त करते सीसीटीवी चेक करते घूम रहे थे। इसी बीच जनकपुरी के बाहर काली फिल्म चढ़ी काले रंग की फारच्यूनर खड़ी दिखाई दी। जब पुलिस ने टोका तो बगल में खड़े ड्राइवर ने बताया कि वह गाड़ी के साथ है।
इस पर पुलिस चालान की बात करने लगी। इस पर ड्राइवर ने परिचय देते हुए बताया कि गाड़ी पूर्व एमएलए राकेश सिंह की है और उनकी पत्नी खरीदारी कर रही हैं। यह सुन पुलिस अधिकारियों ने दो सिपाहियों को गाड़ी थाने ले जाने का फरमान सुना दिया। सिपाही गाड़ी में सवार हो गए और चलने लगे। इसी बीच राकेश सिंह की पत्नी जिला पंचायत अध्यक्ष प्रत्याशी रहीं नीतू सिंह भी यह समझकर गाड़ी में सवार हो गईं कि ड्राइवर उन्हें देखकर चल रहा है। जब वह अंदर बैठीं और सिपाहियों को देखा तो दंग रह गईं।
सिपाहियों ने माजरा बताया तो नीतू सिंह ने राकेश सिंह को बता दिया। जब तक राकेश सिंह आते, तब तक गाड़ी विद्या नगर मोड़ तक आ गई और राकेश सिंह ने गाड़ी को रुकवा लिया। पीछे से अधिकारी भी आ गए। यहां राकेश सिंह ने अधिकारियों को कानून और मानवता पर खरीखोटी सुनाईं। बाद में नीतू सिंह को साथ ले गए, जबकि पुलिस ने गाड़ी की वहीं काली फिल्म उतरवाईं और फिर ड्राइवर गाड़ी ले गया। सीओ अनिल समानिया का कहना है कि ड्राइवर के पास कागज नहीं थे, इसलिए चालान के लिए गाड़ी को थाने भेजा था।
मगर पूर्व विधायक की पत्नी चलती गाड़ी में सवार हो गईं थीं। उन्हें थाने भेजने जैसा कोई मकसद नहीं था। वहीं सपा के पूर्व विधायक ठा. राकेश सिंह का कहना है कि यह चेकिंग की आड़ में मनमानी है। यह कहां का कानून कहता है कि कोई महिला गाड़ी में सवार है और गाड़ी को पुलिस दो पुरुष पुलिसकर्मियों के साथ थाने भिजवा देगी। यह कतई गलत है। जब हमारे साथ ऐसा हो रहा है तो आम परिवारों के साथ क्या होता होगा, यह खुद अंदाजा लगाया जा सकता है।
सीओ से नोकझोक करते पूर्व विधायक राकेश सिंह।- फोटो : CITY OFFICE