मोदी सरकार की नोटबंदी से आटा, दाल एवं तेल का कारोबार भी आधा रह गया है। इससे निपटने के लिए इस कारोबार से जुड़े व्यवसायी प्रोडक्शन घटाने पर मजबूर हुए हैं। इसका खुलासा शुक्रवार को एडीएम सिटी के साथ हुई बैठक में कारोबारियों ने किया। एडीएम ने सभी को धैर्य रखने तथा उपभोक्ता वस्तुओं के दाम न बढ़ाने को कहा।
नोटबंदी के बाद अन्य कारोबारों के साथ खाद्यान कारोबार भी बुरी तरह प्रभावित हुआ है। पब्लिक की जेब में पैसा न होने के कारण खाद्य पदार्थों की बिक्री पहले की तुलना में आधी रह गई है। एडीएम सिटी के साथ हुई बैठक में फ्लोर मिल, दाल मिल एवं तेल मिलों के संचालकों ने बताया कि माल की कमी नहीं है, लेकिन मांग न होने के कारण कारोबार में 50 फीसदी की गिरावट दर्ज हुई है।
इसके चलते हमने प्रोडक्शन कम कर दिया है। एडीएम सिटी एसबी सिंह ने बताया कि सभी कारोबारियों को अचानक आए नकदी के संकट से निपटने के लिए धैर्य रखने तथा रेट व स्टाक लिस्ट प्रदर्शित करने का निर्देश दिया गया है।
चेतावनी दी गई है कि यदि किसी व्यापारी ने मनमाने ढंग से रेट बढ़ाए या फिर जमाखोरी की तो उसके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम में कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर डीएसओ नीरज सिंह समेत बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद थे।