महानगर के क्वार्सी क्षेत्र के जीवनगढ़ के एक नर्सिंग होम में काम करने वाली नर्स की हत्या उसके प्रेमी ने ही की थी। खास बात यह है कि इस हत्या को फिल्मी स्टाइल में बेहोशी और दर्द के इंजेक्शन की ओवरडोज देकर मारा गया। इंजेक्शन देने के चंद मिनट बाद ही युवती की मौत हो गई थी। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर यह खुलासा किया है। वहीं पोस्टमार्टम में भी उसके कई अंगों पर ओवरडोज से असर पाया गया है और विसरा भी संरक्षित किया गया है।
रोरावर के शाहजमाल मरघट चौराहा के फल की ढकेल लगाने वाले ताजुद्दीन की 18 वर्षीय बेटी सबा जीवनगढ़ के एक नर्सिंग होम में बतौर नर्स का काम करती थी। साथ में वह इसी हॉस्पिटल में काम करने वाली नीलम के साथ जीवनगढ़ गली नंबर एक में पूर्व पार्षद बुंदू खां के मकान में प्राइवेट तौर पर प्रसव करने का काम भी करती थी। रविवार सुबह सबा का शव उसी मकान में पाया गया। बाद में उसकी मौत की पुष्टि होने पर परिवार ने हत्या का आरोप लगाया था। इधर, पुलिस ने फॉरेंसिक व सीसीटीवी की मदद से आरोपी तक पहुंचने का प्रयास किया। आरोपी की पहचान युवती के प्रेमी हमदर्द नगर डी सिविल लाइंस के रिजवान के रूप में हुई। जांच में उजागर हुआ कि रिजवान उसी नर्सिंग होम में मेडिकल स्टोर पर काम करता है, जहां सबा काम करती थी। वह घटना वाली रात यानी शनिवार रात 2 बजे से गायब है। वह नर्सिंग होम से यह कहकर गया कि अभी कोल्ड ड्रिंक पीकर लौट आएगा। फिर नहीं लौटा।
इसके बाद प्रयास कर पुलिस ने रात में रिजवान को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस पूछताछ में उसने स्वीकारा कि सबा आठ-दस महीने पहले से नर्सिंग होम में काम करने आई थी। दोनों के बीच प्रेम संबंध हो गए और बात शादी तक पहुंची। मगर उसे सबा की अन्य युवकों से दोस्ती अच्छी नहीं लगी। इस बात पर दोनों में दूरी हो गई। इसके लिए बाकायदा समझौता बैठक हुई थी। मगर अब फिर सबा उससे शादी का दबाव बनाती थी। अन्यथा धमकी देती थी कि वह उसके खिलाफ शिकायत कर देगी। वह रुपये भी मांगती थी। इन्हीं बातों से वह सबा से परेशान था। रिजवान ने बताया कि सबा अक्सर कहती थी कि उसे रात में नींद नहीं आती है। शनिवार रात भी सबा ने उसे फोन करके पूर्व पार्षद के मकान पर मिलने के लिए बुलाया। बस उसी समय रिजवान प्लानिंग के तहत अपने साथ दर्द व नींद (मेटाजोलेम व ड्रेमाडोल) के इंजेक्शन व सिरिंज ले गया। वहां बातचीत के दौरान जब सबा ने नींद न आने की बात कही तो रिजवान ने दोनों इंजेक्शन की ओवडोज उसकी नस में लगा दी। बस इसके दो मिनट बाद वह वहां से चला आया। सुबह नीलम को उसकी लाश घर में पड़ी मिली। इधर, फॉरेंसिक टीम ने मौके से सिरिंज व इंजेक्शनों की खाली वायल बरामद कीं। इंस्पेक्टर के अनुसार आरोपी को गिरफ्तार कर सोमवार को जेल भेज दिया गया है।
पोस्टमार्टम में कई अंदरूनी पार्ट बताए खराब
सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय ने बताया कि रिजवान की स्वीकारोक्ति की पुष्टि पोस्टमार्टम ने की है। यह बात डॉक्टरों ने भी बताई है। युवती के फेफड़े, हृदय, लिवर आदि में सिकुड़न व एकाएक काम न करने की स्थिति पाई गई। जिससे सांस न ले पाने के चलते महिला की मौत हो सकती है। यह ओवरडोज की वजह से संभव है। चूंकि इन दवाओं में नशे की दवाएं हैं जो अत्यधिक मात्रा ड्रग्स का रूप ले लेती हैं। साथ में विसरा भी संरक्षित किया गया है।