निजी पैथोलॉजी लैब की जांच रिपोर्ट पर भरोसा करना एक मरीज को भारी पड़ गया। तेज बुखार से पीड़ित मरीज की जांच में डेंगू और मलेरिया की पुष्टि नहीं होने की बात कही गई, लेकिन चार दिन बाद हालत बिगड़ने पर जेएन मेडिकल कॉलेज में जांच कराई गई तो डेंगू की पुष्टि हुई।
अतरौली क्षेत्र के गांव सूरजपुर निवासी एसके शर्मा को पिछले सप्ताह तेज बुखार आया था। उन्होंने रामघाट रोड स्थित एक निजी पैथोलॉजी लैब में मलेरिया और डेंगू की जांच कराई। इसके लिए करीब 10 हजार रुपये खर्च किए। आरोप है कि लैब की रिपोर्ट में दोनों बीमारियों की पुष्टि नहीं हुई। इसके बाद मरीज बुखार की सामान्य दवाएं लेता रहा। दवा लेने पर कुछ समय के लिए बुखार उतर जाता था लेकिन फिर से चढ़ जाता था।
रविवार तक एसके शर्मा की हालत बिगड़ने लगी। इसके बाद सोमवार को परिजन उन्हें जेएन मेडिकल कॉलेज लेकर पहुंचे। वहां जांच में डेंगू की पुष्टि हुई। इस दौरान उनकी प्लेटलेट्स घटकर 10 हजार रह गई थीं। मरीज को मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में बेड नंबर छह पर भर्ती कराया गया है, जहां उनका उपचार चल रहा है।
सभी लैब को निर्देश दिए हैं कि वह निर्धारित दर से अधिक नहीं वसूलेंगी। इस मामले में मरीज पहले ठीक हो जाए। इसके बाद वह शिकायत करेंगे तो मामले की जांच कराएंगे। - डॉ. आरएन सिंह, सीएमओ