आगरा-अलीगढ़ हाईवे पर गांव गुरसौटी के निकट बृहस्पतिवार रात टेंपो चालक सलीम की (45) गोली मारकर हत्या कर दी गई। उनका शव टेपों के पास ही सड़क पर पड़ा था, पीछे से उनकी गर्दन में गोली मारी गई थी।
सलीम इस्लाम नगर टेढ़ी बगिया आगरा के रहने वाले थे और आगरा से सादाबाद के बीच टेंपो चलाते थे। वह रोजाना की तरह वह बृहस्पतिवार की शाम करीब साढ़े आठ बजे टेंपो लेकर आगरा से सादाबाद की ओर निकले थे, रास्ते में उनकी हत्या कर दी गई। उनका शव गांव गुरसौठी के पास सड़क पर पड़ा था। रात करीब पौने 12 बजे पुलिस को इसकी सूचना मिली और पुलिस मौके पर पहुंची।
परिजनों का कहना है कि सलीम की किसी से कोई दुश्मनी भी नहीं थी। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक योगेश कुमार ने बताया कि सलीम को पीठ पीछे गर्दन के पास गोली मारी गई है, यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट से स्पष्ट हुआ है।
सीसीटीवी कैमरे की फुटेज की जांच करने से पता चला है कि जिस समय वह टेंपो लेकर सादाबाद के लिए रवाना हुए, उस समय उसमें सवारियां थीं। सवारियां कहां गईं, पुलिस इसकी जानकारी करने का प्रयास कर रही है। सीओ सादाबाद अमित पाठक ने बताया कि मृतक के भाई लियाकत अली की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। पुलिस जांच कर रही है।
पुलिस ने खंगाले 84 सीसीटीवी कैमरे
सादाबाद। आगरा-अलीगढ़ मार्ग पर गांव गुरसौटी के निकट टेंपो चालक सलीम का शव मिलने के बाद से ही सादाबाद पुलिस सक्रिय हो गई। पुलिस ने करीब 84 सीसीटीवी कैमरों को चेक किया। हालांकि अभी तक पुलिस को हत्यारोपियों के बारे में कोई ठोस सुराग नहीं मिल पाया है।
कैमरों सीसीटीवी फुटेज से स्पष्ट हुआ है कि टेंपो आगरा की ओर से हाथरस की ओर आ रहा था। टेंपों में कुछ सवारियां भी थीं। पुलिस ने शव मिलने के बाद व्हाट्सएप ग्रुप, सी प्लान एप आदि पर मृतक के फोटो डाले, वहीं ऑटो के नंबर को चालान एप पर डाला और डिटेल निकाली। इसके बाद शव की पहचान हुई।
चार बेटी का एक बेटे को रोता बिलखता छोड़ा
मृतक सलीम टेंपो चलाकर ही अपना और अपने परिवार का गुजारा करता था। घर की आर्थिक स्थिति भी अधिक अच्छी नहीं है। सलीम के पास चार बेटी और एक बेटा था। तीन बेटियों की शादी हो चुकी है। सभी का रो रोकर बुरा हाल था। पोस्टमार्टम के बाद शव घर पहुंचने पर कोहराम मच गया।