खाद्य निरीक्षक, पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी एएमयू के सर शाह सुलेमान हॉल पहुंचे। उन्होंने छात्रों से बात की। खाने के बारे में जानकारी हासिल की। प्रॉक्टर, पीआरओ एमआईसी सहित अन्य उच्चाधिकारियों से बातचीत की।
एएमयू में बीफ मामले की जांच करने अफसरों की टीम पहुंची। अफसरों ने डाइनिंग हॉल के रसोइये, छात्रों और यूनिवर्सिटी के अधिकारियों से बयान दर्ज किए।
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नोटिस 8 फरवरी को सर शाह सुलेमान हॉल के नोटिस बोर्ड पर चस्पा किया गया था। जिसमें 9 फरवरी को लंच में चिकन बिरयानी के बजाय बीफ बिरयानी करने का उल्लेख था। यह नोटिस हॉल के सीनियर डायनिंग छात्र मोहम्मद फैयाजुल्लाह व दूसरे सीनियर डायनिंग छात्र मुजस्सिम अहमद भाटी की ओर से चस्पा किया गया था। देर रात यह नोटिस सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। इसके बाद इसका विरोध शुरू हुआ। इस मामले में छात्र मोहम्मद फैयाजुल्लाह, मुजस्सिम अहमद भाटी, प्रोवोस्ट डॉ. फसीह रागिब गौहर के खिलाफ मुकदमा दर्ज हो गया।
12 फरवरी को खाद्य निरीक्षक, पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी यूनिवर्सिटी के सर शाह सुलेमान हॉल पहुंचे। उन्होंने छात्रों से बात की। खाने के बारे में जानकारी हासिल की। प्रॉक्टर, पीआरओ एमआईसी सहित अन्य उच्चाधिकारियों से बातचीत की। उधर, सर शाह सुलेमान हॉल में रहने वाले छात्र दिलीप कुशवाहा ने कहा कि हॉल में बफैलो की बिरयानी परोसी जाती थी। बीफ बिरयानी को लेकर कुछ नेता तूल दे रहे हैं।