महानगर के चर्चित तारिक हत्याकांड में सोमवार को बहस पूरी हो गई और न्यायालय ने फैसले के लिए 28 फरवरी तारीख नियत कर दी है। इस दौरान बचाव पक्ष की ओर से अपने तर्क रखे गए, जबकि अभियोजन की ओर से अपनी दलील पेश की गईं। अब सभी की नजर न्यायालय के आने वाले फैसले पर टिक गई है।
ऊपरकोट इलाके में सीएए-एनआरसी विरोधी उपद्रव के दौरान बाबरी मंडी में सांप्रदायिक टकराव में तारिक की गोली लगने से मौत हुई थी। इस मामले में भाजपा नेता विनय वार्ष्णेय सहित तीन आरोपी हैं। जिनमें से विनय एटा जेल में है, जबकि बाकी दोनों जमानत पर बाहर हैं। अभियोजन पक्ष के अधिवक्ता केएम जौहरी व बचाव पक्ष के अधिवक्ता नीरज चौहान के अनुसार इस मामले में अब तक 12 गवाह पेश किए गए हैं। सभी की गवाही पूरी हो गई है। सोमवार को नियत तारीख पर बहस हुई। इस दौरान दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं ने अपने-अपने तर्क पेश किए। एडीजे-तृतीय की अदालत में विचाराधीन मामले में अब फैसले की तारीख 28 फरवरी नियत की गई है। सब ठीक रहा तो 28 फरवरी को न्यायालय स्तर से फैसला सुनाया जाएगा। इस दिन के सभी सभी आरोपियों को तलब किया गया है।