बाइकर्स गैंग के गैंगवार में खड़ा हुआ संगठित गिरोह सियासी सरपरस्ती में ताबड़तोड़ हत्याएं कर रहा था। ऐसी और भी हत्याओं की योजना बनाई गई थीं। यह खुलासा बाइकर्स शरद व जीतू हत्याकांडों में गिरफ्तार शूटर सहित चार लोगों ने किया है। यह घटनाएं बाइकर्स सजल चौधरी व सपा युवजन सभा जिलाध्यक्ष राघवेंद्र सिंह कालू के भाई नीरज के इशारे पर हुईं थीं। इनके फोटो, नाम, पते वाली सूची शूटर के मोबाइल से मिली हैं। इनसे आधा दर्जन लाइसेंसी व गैर लाइसेंसी हथियार, कारतूस आदि बरामद किए गए हैं।
एसएसपी जे रविंदर गौड़ ने बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन की मीटिंग हॉल में प्रेस कांफ्रेंस के दौरान यह बातें बताईं। यह जानकारियां इन हत्याकांडों में दो दिन पहले जेल गए बल्लभगढ़ के शूटर रोहन उर्फ सुरेंद्र से मिली सूचनाओं के आधार पर जुटाई गई हैं। इसी बीच बुधवार रात रामघाट रोड डीपीएस के पास से और सुखरावली रोड से मुठभेड़ के बाद चार युवकों को गिरफ्तार किया। पकड़े गए युवकों में बेबी उर्फ देवेंद्र निवासी कल्यान एंक्लेब 274 फेस-1 पलवल हरियाणा, अंशुल सागर धनीपुर गांधीपार्क, मनीष ठाकुर स्वर्ण जयंती कॉलोनी क्वार्सी, ट्रांसपोर्टर हरवीर सिंह आरएएफ रोड त्रिपति विहार है। चारों ने शरद व जीतू की हत्या और रॉबी व मनोज पर हमले में अपनी भूमिका स्वीकारी है।
विधायक के दफ्तर के ऊपर ‘फरारी हाउस’ में ली थी शरण
अलीगढ़ (ब्यूरो)। बाइकर्स की हत्या के पहले दिन से पुलिस व परिजन हत्यारोपियों के सियासी कनेक्शन के संकेत दे रहे थे। बृहस्पतिवार को मीडिया के सामने पेश किए गए शूटर बेबी उर्फ देवेंद्र ने बताया कि रामघाट रोड पर छर्रा विधायक राकेश सिंह के दफ्तर के ऊपर ‘फरारी हाउस’ में उन्होंने शरण ली। इस फ्लैट को सपा युवजन सभा जिलाध्यक्ष राघवेंद्र सिंह कालू अपना बताकर उन्हें रुकवाते थे। पहले वहां गौरव भी ठहरा था। सजल व कालू सिंह के कुछ करीबी भी वहां आया करते थे। प्रेस कांफ्रेंस में बेबी ने बताया कि कालू सिंह इस फ्लैट को फरारी हाउस नाम दिया गया था। हत्याओं के बाद बेबी दोे दिन वहां रुका। इसके बाद वह अपने गांव चला गया। फिर वहां से भिवानी गया।
बोले विधायक
मेरा उस कैंपस में इकलौता दो कमरों का फ्लैट है, जिसमें मैं अपने परिवार के साथ रहता हूं। आसपास कौन आता-जाता है इससे मेरा कोई वास्ता नहीं। रहा सवाल इस तरह के आरोपों का तो मैं अक्सर पुलिस के भ्रष्टाचार और गलत कार्यों के खिलाफ आवाज उठाता रहता हूं इसलिए पुलिस सीधे-सीधे कुछ न बोलकर अपराधियों को डरा-धमकाकर इस तरह की बयानबाजी करा रही है। जिनसे मेरा कोई लेना-देना नहीं है।
- राकेश सिंह, छर्रा विधायक