यात्रियों की सुरक्षा के लिए अभियान
परिवहन विभाग का कहना है कि डग्गामार बसें अक्सर सुरक्षा मानकों की अनदेखी करती हैं। इनमें ओवरलोडिंग, तेज गति और बिना फिटनेस के संचालन से हादसों का खतरा बना रहता है। अभियान का उद्देश्य यात्रियों को सुरक्षित और वैध परिवहन सुविधा उपलब्ध कराना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अवैध बसों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। साथ ही ऐसे वाहनों पर भी कार्रवाई की जाएगी, जो नियमों का उल्लंघन कर सड़क पर संचालित हो रहे हैं।
पहले भी पकड़ी जा चुकी हैं फर्जी बसें
अलीगढ़ में फर्जी रोडवेज बस संचालन का मामला नया नहीं है। इससे पहले भी कासगंज, अतरौली, मथुरा और टप्पल मार्ग पर यूपी रोडवेज के रंग में रंगी बसें पकड़ी जा चुकी हैं। वर्ष 2024 और 2021 में भी इस तरह की फर्जी बसों पर कार्रवाई हुई थी। इसके अलावा अलीगढ़ से नेपाल तक फर्जी परमिट के आधार पर बस संचालन का मामला भी सामने आया था। इस मामले में बन्नादेवी थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया था। परिवहन विभाग अब ऐसे वाहनों पर लगातार निगरानी रखने का दावा कर रहा है।