ओगर नगला राजू गौशाला का निरीक्षण करते प्रमुख सचिव सहकारिता व सीडीओ।
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एक करोड़ 20 लाख की धनराशि से गांव ओंगर नगला राजू में बन रहे गोवंश विहार का निरीक्षण करने पहुंचे प्रमुख सचिव सहकारिता एवं जिले के नोडल अफसर एमवीएस रामी रेड्डी का पारा उस समय चढ़ गया, जब उन्होंने गोवंश विहार के निर्माण की गुणवत्ता की परख की। गुणवत्ता घटिया मिलने पर उन्होंने कार्यदायी संस्था पैक्स फैड के अफसरों को जमकर लताड़ लगाई। उन्होंने पीडब्लूडी अफसरों की निगरानी में निर्माण की गुणवत्ता की जांच करने तथा काम सही ढंग से होने तक इस मद में बजट आवंटन पर रोक लगाने के आदेश जारी कर दिये।
निरीक्षण के दौरान गोवंश विहार की दीवारों की फिनिशिंग घटिया मिली। इस पर नाराजगी जताते हुए दोबारा से फिनिशिंग के आदेश दिये। जांच में भूसा भंडारण के लिए बने हाल का निर्माण भी घटिया मिला। यहां चार टीन शेडों का निर्माण कार्य हुआ है। दीवारों पर प्रमुख सचिव ने हथौड़ी से प्लास्टर को तोड़कर देखा तो बालू झड़ने लगी। उन्होंने दीवारों पर दोबारा प्लास्टर करने के निर्देश दे डाले। शेडों की लंबाई कम मिली। साथ ही कई अन्य अनियमितताएं भी मिली। उन्होंने पैक्स फैड अफसरों को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि जब तक गोवंश विहार का कार्य सही ढंग से पूरा नही हो जाता तब तक धन राशि आवंटित नहीं की जाय। ओंगर गांव के ग्रामीणों ने गांव के मुख्य मार्ग पर जलभराव होने की शिकायत की।
उन्होंने अफसरों को समस्या दूर करने के निर्देश दिये। इस मौके पर सीडीओ अनुनय झा, एडीएम प्रशासन कृष्ण लाल तिवारी, सीवीओ डा केपी वार्ष्णेय, डीडीओ मथुरा प्रसाद मिश्रा, एसडीएम कुलदेव सिंह, तहसीलदार रेशमा सहाय, नायब तहसीलदार कृृष्ण दत्त, प्रभारी निरीक्षक राघवेंद्र सिंह, राष्ट्र गौरव, ममता चौधरी आदि मौजूद रहे।