फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विद्यालयों के स्टाफ का होगा पुलिस वेरीफिकेशन

Fri, 15 Sep 2017 01:57 AM IST
अमर उजाला ब्यूूराे
विज्ञापन
प्रद्युम्न की हत्या के विरोध में कैंडल मार्च - फोटो : Amar Ujala
विज्ञापन
गुड़गांव के विद्यालय में छात्र प्रद्युम्न के साथ हुई घटना के बाद सीबीएसई बोर्ड के निर्देश्‍ा का अनुपालन शुरू हो गया है। गुरुवार को एडीएम सिटी ने महानगर के 25 सीबीएसई स्कूल संचालकों की क्लास लेते हुए नियमित एवं अस्थाई कर्मचारियों का पुलिस वेरीफिकेशन कराने के निर्देश दिए हैं। 
विज्ञापन


संचालकों को स्कूली वाहनों की सूची 23 सितंबर तक एआरटीओ को उपलब्ध कराने को कहा गया है। हर माह सिक्योरिटी आडिट के आदेश दिए हैं।  उन्होंने कहा है कि नियमित कर्मचारियों के अलावा बस चालक, कंडक्टर, प्लंबर, चपरासी, सफाई कर्मचारी एवं अन्य का पुलिस वेरीफिकेशन किया जाए। कालेज परिसर में बाहरी व्यक्ति यहां तक कि अभिभावकों को पास जारी कर ही एंट्री दी जाए। विद्यालय के मुख्य स्थल कैंपस, वाशरूम के बाहर, पार्किंग स्थल, प्ले ग्राउंड आदि पर सीसी कैमरे लगाए जाएं।

एडीएम सिटी श्याम बहादुर सिंह ने बताया कि ज्यादातर विद्यालयों में स्कूली वाहनों का संचालन बाहरी व्यक्ति करते हैं। विद्यालयों से 23 सितंबर तक सभी वाहनों की सूची एआरटीओ को उपलब्ध कराने को कहा गया है। विद्यालयों के टायलेट कांप्लेक्स के मेन गेट में अंदर से कुंडी प्रतिबंधित कर दी गई है।  
विज्ञापन


बोर्ड के आदेश 
- दो महीने के अंदर स्थानीय पुलिस से स्कूल संचालकों को सिक्योरिटी ऑडिट कराना है। इसमें यह देखा जाएगा कि स्कूल में सुझाए गए सुरक्षा मानक का पालन किया जा रहा है या नहीं। 
- प्रोेटेक्शन ऑफ चिल्ड्रन फ्रॉम सेक्सुअल ऑफेन्स को ध्यान में रखते हुए स्कूल को कमेटी का गठन करना है। संपर्क नंबर के साथ इससे संबंधित सूचना नोटिस बोर्ड पर चस्पा करना है।

विद्यालय संचालकों को प्रमुख निर्देश जारी 
- मुख्य स्थलों वाशरूम के बाहर, कैंपस, प्ले ग्राउंड, मुख्य द्वार पर सीसी कैमरे
- विद्यालयों को स्कूली वाहनों की सूची एआरटीओ को उपलब्ध कराने के निर्देश
- एआरटीओ स्कूली बसों में बच्चों की ओवरलोडिंग की करेंगे आकस्मिक जांच 
- टायलेट कांप्लेक्स के मेन गेट की अंदर से नहीं होगी कोई कुंडी, प्रतिबंध लगा 
- स्कूली वाहनों में फायर सिस्टम के साथ दो गेट व सीढ़ियां अनिवार्य की गईं 
- टीचर, स्टाफ व बच्चों को दिया जाएगा आग से बचाव का प्रशिक्षण 
- हूटर बजने के दो मिनट के अंदर विद्यालय के ग्राउंड में पहुंचने की होगी चेकिंग
- स्कूल आने वाले अभिभावक एवं बाहरी लोगों का कैंपस में प्रवेश मात्र पास से 
- रजिस्टर में एंट्री कराकर अंदर जाने का पास जारी करने के लिए संचालकों को आदेश
- सीएनजी वाहनों को अपने साथ छह महीने के अंदर का फिटनेस प्रमाण पत्र रखना है    
- विद्यालयों को बाउंड्रीवाल ऊंची कराकर उस पर कांटेदार तार लगाने के निर्देश 
- अभिभावक, शिक्षक एवं छात्र समिति गठित कर, अभिभावकों से लें नियमित फीडबैक  

मानकों का खुलेआम उल्लंघन करते है स्कूल संचालक
रेयान इंटरनेशनल स्कूल में सात वर्षीय छात्र की हत्या एवं दिल्ली में स्कूल कर्मचारी द्वारा छात्र का यौन उत्पीड़न करने का मामला सामने आने के बाद लोग चिंतित है। गुरुवार को ट्रैप ग्रुप, अभिभावक एसोसिएशन, वात्सल्य सेवा संस्थान, आर्ट ऑफ लिविंग एवं भारत स्वाभिमान ट्रस्ट के पदाधिकारियों ने मंडलायुक्त से मुलाकात कर शिकायत की कि यहां के स्कूल संचालक मानकों का खुलेआम उल्लंघन करते हैं। उन्होंने इसके लिए सरकारी स्कूलों में व्याप्त भ्रष्टाचार एवं अव्यवस्था को भी दोषी ठहराया। जिसके कारण अभिभावक बच्चों को प्राइवेट स्कूलों में भेजने को मजबूर होते हैं। ज्ञापन देने वालों में ट्रैप ग्रुप के ई. विक्रम सिंह, अभिभावक एसोसिएशन के उमेश श्रीवास्तव, वात्सल्य सेवा संस्थान के आलोक वार्ष्णेय, आर्ट ऑफ लिविंग के मुनीश जैन एवं भारत स्वाभिमान ट्रस्ट के राकेश कुमार शर्मा शामिल थे। 
विज्ञापन

 
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें