रमजान का चांद मंगलवार को दिख गया। बुधवार (आज) पहला रोजा होगा। चांद दिखते ही मस्जिदों में तरावीह की नमाज शुरू हो गई। शाम होते ही लोग अपने घर की छत व बालकनी से रमजान का चांद देखने के लिए आ गए। जैसे ही चांद नजर आया। एक-दूसरे को रमजान की मुबारकबाद दी। सोशल मीडिया पर भी लोगों ने रमजान की मुबारकबाद दी।
मस्जिद में 5-8 लोग ही पढ़ें नमाज : शहर मुफ्ती
शहर मुफ्ती मोहम्मद खालिद हमीद ने कहा पिछले साल की तरह इस बार भी कोरोना कहर है। लोगों को एहतियात बरतने की जरूरत है। मस्जिदों में पांच वक्त व तरावीह की नमाज में पांच से आठ लोगों से ज्यादा न पढ़ें । हाथ मिलाने व गले मिलने से परहेज करें। घरों में तरावीह की नमाज का इंतजाम करें। इफ्तार पार्टी रखें तो उसमें आदेश के अनुसार ही लोग हों।
कोतवाली में पीस कमेटी की बैठक
नवरात्र व रमजान को लेकर डीएम चंद्र भूषण सिंह के निर्देश पर सिटी मजिस्ट्रेट विनीत कुमार ने सीओ प्रथम के साथ कोतवाली, सासनीगेट व देहली गेट की संयुक्त रूप से पीस कमेटी की बैठक की। उन्होंने शासन के निर्देशों व व्यवस्थाओं से लोगों को अवगत कराया। यह भी बताया कि यदि किसी द्वारा कानून का उल्लंघन किया जाता है, तो उसके विरुद्ध दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
धार्मिक स्थलों पर पाबंदी से आश्चर्य : जमीरउल्लाह
सपा के पूर्व विधायक जमीर उल्लाह खान ने भाजपा सरकार द्वारा कोरोना को लेकर धार्मिक स्थलों में लोगों के जाने की पाबंदी पर कहा कि उन्हें आश्चर्य है कि आखिर यह किस धर्म में आस्था रखते हैं। धर्म के नाम पर सरकार बनाने के बाद इनकी आस्था कहां चली जाती है।
इतिहास गवाह है कि जब भी देश पर कोई दैवीय आपदा, विपत्ति, संकट आया तो देश की जनता अपनी आस्था के अनुरूप मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारे, चर्च में अपने ईश्वर से देश को संकट से बचाने की प्रार्थना करती रही है। लेकिन भाजपा सरकार तो संकट के समय में मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारा, चर्च को बंद करने का आदेश जारी कर देती है। उन्होंने कहा कि वह डीएम के कार्यों की सराहना करते हैं । रमजानमें मस्जिदों में दूरी के साथ नमाज पढ़ने की अनुमति दी जाए।
पहला रोजा
14 अप्रैल
इफ्तार
सुन्नी 6 : 44 शाम
शिया 6 : 51 शाम
दूसरा रोजा
15 अप्रैल
सहरी
सुन्नी 4 : 26 सुबह
शिया 4 :15 सुबह
रमजान का चांद देखने के बाद दुआ करतीं ख़दीजा ताहिरा।- फोटो : CITY OFFICE