राजस्थान के गवर्नर कल्याण सिंह
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राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह ने कहा कि अब वक्त आ गया है कि जम्मू एवं कश्मीर को विशेष राज्य का दर्जा देने से संबंधित धारा 370 को खत्म कर दिया जाय। चंद लोगों को छोड़कर सारा देश इस मुद्दे पर एकमत है। उन्होंने आतंकवादियों के साथ-साथ उनके मददगार पत्थरबाजों पर भी कड़ी कार्रवाई करने की मांग की। वे मैरिस रोड स्थित अपने आवास पर पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि धारा 370 कश्मीर को हम से अलग करती है। भारत की संसद जो कानून बनाती है, वह जम्मू एवं कश्मीर में तब तक लागू नहीं होता जब तक वहां की एसेंबली सहमति नहीं दे देती। अभी वहां दो झंडे हैं। राज्य से बाहर का व्यक्ति वहां संपत्ति नहीं खरीद सकता। कश्मीर की लड़की किसी दूसरे प्रदेश के लड़के के साथ शादी नहीं कर सकती। यदि करती है तो उसके सारे अधिकार खत्म हो जाते हैं। जम्मू एवं कश्मीर भारत का अभिन्न अंग है और रहेगा। धारा 370 से अलगाववाद की बू आती है। चंद लोगों को छोड़कर पूरा भारत इस धारा को खत्म करने के पक्ष में है। यह कदम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ही उठा सकते हैं। दूसरे किसी में यह करने की हिम्मत नहीं। देश को मोदी की क्षमताओं पर भरोसा है। पुलवामा हमला पर उन्होंने कहा कि पाकिस्तान समर्थित आतंकवादियों ने पुलवामा में कायरतापूर्ण हमला किया है। इस हमले को लेकर पूरे देश में गुस्सा है। इस हमले के खिलाफ पूरा देश एकजुट है।
उन्होंने कहा कि देश की जनता आतंकवादियों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई देखना चाहती है कि आतंकवादी एवं उनके आका भारत पर हमला करना भूल जाएं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संकेतों से स्पष्ट कर दिया है कि केंद्र सरकार आतंकवादियों और उनके आकाओं के खिलाफ कठोर कदम उठाएगी। उन्होंने कार्रवाई करने के लिए सेना को खुली छूट दे दी है। कश्मीर में जो पत्थरबाजी करते हैं, हमारी सेना पर हमला कर आतंकवादियों की मदद देते हैं, उनके खिलाफ भी कठोर कार्रवाई का वक्त आ गया है। एएमयू में भाजपा नेताओं की पिटाई को उन्होंने गलत करार दिया। जम्मू कश्मीर के राज्यपाल से संबंधित सवाल पर उन्होंने कहा कि अच्छा कार्य कर रहे हैं। उनके साथ एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया, बंटी उपाध्याय आदि मौजूद थे।