शहर में लगातार बिगड़ती बिजली व्यवस्था के खिलाफ रविवार रात लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। कोतवाली नगर क्षेत्र के भुजपुरा में जर्जर बिजली के खंभे में आग लगने से बिजली के तार पिघलकर सड़क पर गिर गए, जिससे नूर कॉलोनी, मुल्लापाड़ा, भुजपुरा समेत आसपास के करीब 300 से 400 उपभोक्ताओं की बिजली आपूर्ति ठप हो गई। भीषण गर्मी में बिजली न मिलने से नाराज लोगों ने भुजपुरा बिजलीघर का घेराव कर धरना शुरू कर दिया।
उपभोक्ताओं का कहना था कि पूरी रात बिजली न होने से उन्हें घरों से बाहर सड़क पर समय बिताना पड़ा। सबसे अधिक परेशानी बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को हुई। धरने में पार्षद हफीज अब्बासी, गुड्डू मालिक, अकील अल्वी, सलमान, दानिश, नदीम, तनवीर, वसीम सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।
सूचना पर क्षेत्रीय पार्षद आसिफ अल्वी भी मौके पर पहुंचे और बिजली अधिकारियों से वार्ता की, लेकिन संतोषजनक जवाब नहीं मिलने पर उन्होंने भी लोगों के साथ बिजलीघर पर धरना दिया। सोमवार सुबह जेई धरनास्थल पर पहुंचे और जल्द आपूर्ति बहाल करने और समस्या के स्थायी समाधान का आश्वासन दिया। इसके बाद लोगों ने धरना समाप्त कर दिया।
इधर, शहर के अन्य हिस्सों में भी बिजली कटौती और बार-बार ट्रिपिंग की शिकायतें सामने आईं। रघुवीरपुरी, किला बिजलीघर क्षेत्र, रामनगर कॉलोनी, राजीव नगर, धनीपुर, रावणटीला, एडीए कॉलोनी, घुड़िया बाग, स्वर्ण जयंती नगर, रेलवे रोड और रामघाट रोड सहित कई इलाकों में उपभोक्ताओं को फॉल्ट, लो-वोल्टेज और ट्रिपिंग की समस्या से जूझना पड़ा।
दामोदर कॉलोनी (आगरा रोड) में रविवार रात बिजली आपूर्ति बाधित रही। स्थानीय निवासी सुभाष चंद्र शर्मा ने बताया कि विद्युत विभाग ने गेट बंद कॉलोनी में ट्रांसफॉर्मर बदलने और मरम्मत की जिम्मेदारी लेने से इन्कार कर दिया है, जबकि कॉलोनी में करीब 85 बिजली कनेक्शन हैं और पिछले दस वर्षों से विभाग ही सभी कार्य करता रहा है। वहीं, पडि़यावली बिजलीघर से जुड़े पला साहिबाबाद आंबेडकर चौक क्षेत्र में भी उपभोक्ताओं ने पिछले 36 घंटे से बिजली आपूर्ति ठप रहने की शिकायत की।
अधीक्षण अभियंता (शहरी) अंशुमान यादव ने बताया कि फॉल्ट और ट्रिपिंग की वजह से कुछ क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई थी। विभागीय टीमों को मौके पर भेजकर अधिकांश स्थानों पर आपूर्ति बहाल करा दी गई है। शेष समस्याओं के समाधान के लिए भी कार्य जारी है।