बुढ़ासी क्षेत्र के एक गांव में दिव्यांग युवक के खोखे में तोड़फोड़ और महिलाओं को धमकाने व छेड़खानी के मामले में 36 घंटे बाद पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर ली है। हालांकि मामले में अभी तक किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है। थाना पुलिस का कहना है कि मुकदमे में गिरफ्तारी जैसी कोई धारा शामिल नहीं है। उधर रविवार की रात पुलिस ने गांव पहुंचकर दीवारों पर लिखे पलायन के संदेश मिटा दिए।
शनिवार को एक दिव्यांग युवक के खोखे में तोड़फोड करने के बाद उसके घर में महिलाओं से अभद्रता और छेड़खानी हुई थी। इसके बाद दूसरे युवक को पीटने की तलाश में उक्त आरोपी उसके घर पर भी पहुंचे और महिलाओं से गाली-गलौज कर धमकी दी। इसकी शिकायत दिव्यांग युवक ने थाने में की तो उसे टरका दिया गया। 24 घंटे बाद भी पुलिस गांव नहीं पहुंची।
इस पर कुछ लोगाें ने दबंगों के डर से पलायन करने की घोषणा का संदेश अपने मकानों की दीवारों पर लिख दिया। जानकारी पर रविवार की रात 11 बजे गांव पहुंची पुलिस ने इन संदेशों को मिटवा दिया। साथ ही पीड़ित दिव्यांग की तहरीर पर धीरज व नीरज पुत्र ठाकुर राजन सिंह, विवेक पुत्र नीतेश व एक अज्ञात के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज कर ली। प्रभारी क्षेत्राधिकारी आरके सिसौदिया का कहना है कि मामले में तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज हो गई है। गिरफ्तारी के संबंध में अभी कोई जानकारी नहीं है। संवाद