जिले में वृद्धा, विधवा, दिव्यांग पेंशन ले रहे 20 फीसदी से अधिक लोगों की पेंशन आधार कार्ड व मोबाइल फोन नंबर खाते से लिंक न होने की वजह से रुक गई है। ऐसे लोगों की मदद के लिए ग्राम पंचायतों में पंचायत सहायकों को जिम्मेदारी दी गई है, लेकिन वे सरकारी उम्मीदों पर खरे नहीं उतर पा रहे हैं।
प्रदेश सरकार ने जिले की 867 ग्राम पंचायतों में वृद्धा, विधवा, दिव्यांग पेंशनरों के आधार कार्ड एवं मोबाइल फोन नंबर खाते से लिंक कराने को ग्राम पंचायतों में पंचायत सहायकों को जिम्मेदारी दी है। जो ऐसे सभी पेंशनधारकों की सूचना बनाकर उनके खातों को अपडेट कराएंगे, लेकिन ऐसा नहीं हो पा रहा है। ग्राम पंचायतों में तैनात पंचायत सहायक तलाशने पर भी नहीं मिल रहे हैं, और जो मिल भी रहे हैं वो लाभार्थियों की कोई मदद नहीं कर पा रहे हैं। ऐसे में पात्र लाभार्थी ब्लॉक, तहसील और जिला मुख्यालय पर आकर भटक रहे हैं।
समाज कल्याण विभाग से वृद्धावस्था, विधवा एवं दिव्यांग पेंशन पाने वाले लाभार्थियों को अपना आधार कार्ड लिंक कराना होगा। बैंक खातों के संचालन के लिए केवाईसी भी कराना अनिवार्य होगा। ऐसे में बड़ी संख्या में लाभार्थियों को विकास भवन में भटकते हुए देखा जा सकता है। जिला पंचायत राज अधिकारी धनंजय जायसवाल ने बताया कि पंचायत सहायकों को ग्रामीणों की मदद करने के निर्देश दिए गए हैं, यदि वे ऐसा नहीं कर रहे हैं तब जांच कराकर कार्रवाई तय की जाएगी।