ग्रीन पार्क अपार्टमेंट किया था विरोध प्रदर्शन
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अलीगढ़ की ग्रीन पार्क सोसायटी विवाद अभी थमने का नाम नहीं ले रहा। अब 9 अप्रैल को उन दो बाहरियों को सोसायटी कार्यालय में देखकर बाशिंदे भड़क गए जो मारपीट में शामिल थे। बाशिंदों ने इन्हें पुलिस के हवाले कर दिया। इन पर कार्यालय में सीसीटीवी से छेड़छाड़ का आरोप लगा है।
9 अप्रैल की शाम सोसायटी में ही रहने वाले व्यक्ति टहल रहे थे। तभी उनकी नजर पड़ी कि सोसाइटी कार्यालय में उपेंद्र व विकास नाम के दो बाहरी व्यक्ति हैं। हालांकि ये दोनों बिल्डर संजीव पाराशर के कर्मचारी हैं। मगर झगड़े वाले दिन शामिल थे। संचालन समिति के वरिष्ठ सदस्य हरेंद्र वार्ष्णेय की ओर से तहरीर दी गई। जिसमें कहा गया कि ये सीसीटीवी व दस्तावेज आदि से छेड़छाड़ कर रहे थे। सीओ द्वितीय राजीव द्विवेदी के अनुसार इन दोनों के संबंध में लिखित शिकायत मिली है। दोनों पर शांति भंग में निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। बाकी हिदायत भी दी गई है कि किसी बाहरी को अंदर न आने दिया जाए।
बिल्डर बोले, सब बेवजह हो रहा
इस संबंध में बिल्डर संजीव पाराशर का कहना है कि वे मेरे निजी कर्मचारी हैं। उनके आने पर बखेड़ा बेवजह खड़ा किया गया है। उन्होंने कहा कि मंडलायुक्त को एक पत्र साक्ष्यों के साथ लिखा गया है। जिसमें बताया है कि सोसायटी में रहने वाले एक व्यक्ति ने उनके खिलाफ लिखित में डीएम से शिकायत की। जिसकी जांच में आरोप स्पष्ट नहीं हुए। इस पर उन्होंने मानहानि का मुकदमा दायर किया है।