जहरीली शराब से मौतों का सिलसिला लगातार जारी है। नौवें दिन अकराबाद के ईंट-भट्ठा के तीन मजदूरों के साथ ही पांच लोगों ने दम तोड़ दिया। जनपद में अब तक 108 लोग इस कांड की भेंट चढ़ चुके हैं। अभी तक जहरीली शराब का नहरों की पटरियों और अन्य स्थानों से मिलना जारी है। बीती 28 मई से ये मामला जनपद के साथ प्रदेश और देश में छाया हुआ है। इधर, पुलिस ने शराब माफिया अनिल चौधरी के साले एवं 25 हजार के इनामी नीरज चौधरी को गिरफ्तार कर लिया है। इसके अलावा, शराब में मिलावट का सामान देने वाले दो अन्य लोगों को हिरासत में लिया गया है। इन तीनों से पूछताछ हो रही है।
इस बीच शराब तस्करी कांड में बड़ा फैसला सामने आया है। मुख्य शराब तस्कर भाजपा कार्यकर्ता ऋषि पर इनाम की राशि 1 लाख कर दी गई है। एडीजी जोन ने इनाम बढ़ाने की घोषणा की। एसएसपी कलानिधि नैथानी ने इसकी जानकारी दी है। अब तक 50 हजार का इनाम था। पुलिस कई राज्यो में आरोपी की लगातार तलाश कर रही है। अब तक परिवार के पांच लोग जेल जा चुके हैं।
गौरतलब है कि शराब माफिया ऋषि शर्मा के खिलाफ प्रशासन ने शनिवार को कार्रवाई की। उसके फार्म हाउस पर बुल्डोजर चलाया गया है। अलीगढ़ के थाना जवां इलाके में कार्रवाई हुई। चकरोड की जमीन पर फार्म हाउस बना रखा था।
बता दें कि जहरीली शराब कांड के पांच मुख्य आरोपियों में शामिल 50 हजार के इनामी तस्कर भाजपा नेता ऋषि शर्मा पर पहले 75 हजार का इनाम घोषित करने की तैयारी थी। इसे लेकर एसएसपी स्तर से एडीजी को इनामी राशि बढ़ाने की संस्तुति की गई थी। एडीजी ने भी स्वीकारा था कि इनाम बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। शनिवार को इनामी राशि 75 हजार नहीं, बल्कि एक लाख बढ़ा दी गई।
ऋषि की संपत्तियों की कुर्की की तैयारी
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि इस कांड में अब तक जो मुख्य आरोपी प्रकाश में आए। सभी जेल भेज दिए गए हैं। मुख्य आरोपियों में शामिल ऋषि अभी तक फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में इनाम की राशि बढ़ाकर 75 हजार किए जाने की संस्तुति एडीजी जोन स्तर पर की गई है। साथ में अगर जल्द वह हाजिर न हुआ या गिरफ्तार न हुआ तो उसकी संपत्तियों की कुर्की कराने की प्रक्रिया शुरू कराई जाएगी। इसे लेकर पुलिस स्तर से कागजी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
मरने वालों की संख्या 100 के पार
बता दें कि जिले में जहरीली शराब पीने से मरने वालों की संख्या 100 के पार हो गई। गंग नहर की पटरी पर किसी शराब तस्कर द्वारा फेंकी गई जहरीली शराब पीने से 10 भट्टा मजदूरों की मौत हो गई। कई मरीजों की हालत गंभीर है। अधिकारियों ने शुक्रवार को ईंट भट्ठों के मालिकों साथ बैठक की।