नशीले पदार्थों कुख्यात तस्कर लॉकडाउन में भी तस्करी से बाज नहीं आ रहे। इन्हीं तस्करों के पीछे लगी अलीगढ़ पुलिस को पिछले कुछ सालों की सबसे बड़ी सफलता हाथ लगी है। एसओजी, सर्विलांस व क्वार्सी पुलिस ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर लॉकडाउन में उड़ीसा से कंटेनर में छिपाकर लाया गया नौ क्विंटल 40 किलो गांजा जब्त कर इस तस्करी से जुड़े पांच लोग गिरफ्तार किए हैं। खास बात यह है कि बरामद माल की कीमत करीब एक करोड़ रुपये है, जबकि खुदरा बाजार में बिकने पर माल की कीमत करीब दो करोड़ रुपये वसूल होती। इस माल की सप्लाई एनसीआर सहित पश्चिमी यूपी के कई जिलों में होनी थी और इस तस्कर रैकेट का मुख्य गढ़ अलीगढ़ व हाथरस है। अभी गिरोह के कई सदस्य फरार हैं, जिनकी तलाश में टीमें सरगर्मी से जुटी हैं।
एसपी सिटी अभिषेक ने शनिवार को पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि लॉकडाउन में भी गांजा व अन्य नशीले पदार्थों की तस्करी व बिक्री को लेकर लगातार सूचनाएं मिल रही थीं। इन्हीं सूचनाओं पर काम करते हुए एसओजी/सर्विलांस व क्वार्सी की संयुक्त टीम ने इंस्पेक्टर क्वार्सी छोटेलाल, सर्विलांस प्रभारी अभय शर्मा के नेतृत्व में काम करते हुए मुखबिर की सूचना पर 24/25 अप्रैल की रात करीब एक बजे कामपुर मोड़ पर चेकिंग के दौरान कंटेनरनुमा टक नंबर आरजे-14-2जी-2616 को रोका। टक चालक ने पुलिस टीम को देख वापस मोड़कर भागने की कोशिश की, मगर घेराबंदी कर टक सहार रेजीडेंसी के पास रुकवा लिया गया। मौके से पांच लोगों को गिरफ्तार कर टक के ड्राइवर केबिन के ठीक पीछे कंटेनर केबिन में बने तहखाने में छिपा 9 क्विंटल 40 किलो गांजा बरामद किया गया। साथ में एक अन्य नंबर प्लेट एनएल-01-एए-5976 भी बरामद हुई। इस दौरान दो लोग भाग जाने में सफल रहे। थाने लाकर हुई पूछताछ में जो इन तस्करों ने स्वीकारा, वह वाकई चौंकाने वाला था।
एसपी सिटी के अनुसार उन्होंने पूछताछ में स्वीकारा कि यह माल उड़ीसा से 2500 रुपये प्रति किलो में खरीदकर लाया गया है, जिसे 10 हजार रुपये प्रति किलो में बाजार में छोटे-छोटे सप्लायरों को बेचना था। छोटे सप्लायर 25 हजार रुपये प्रति किलो में इस माल को ग्राहकों तक बेचते हैं। इस तरह वर्तमान में माल की कीमत 95 लाख करीब है, जबकि खुदरा में बिकने पर इससे 2 करोड़ करीब वसूली होती। उन्होंने बताया कि वह पिछले करीब दो साल से इस कारोबार में हैं। हाल के दिनों में यह तीसरी खेप आई है। इस माल की सप्लाई हाथरस, बुलंदशहर, दिल्ली, अमरोहा, सासनी आदि जगहों पर होनी थी। जिला पुलिस को मिली इतनी बड़ी सफलता पर एसएसपी ने पुलिस टीम को 25 हजार इनाम देने की घोषणा की है। एसपी सिटी के अनुसार यह लोग पहले भी जेल जा चुके हैं, इन पर गैंगेस्टर की कार्रवाई होगी। प्रेसवार्ता में सीओ तृतीय अनिल समानिया भी मौजूद रहे।
गिरफ्तार तस्कर
- संदेश पुत्र धर्मवीर सिंह निवासी महुआ इगलास अलीगढ़--टक चालक नंबर 1
- मनोज कुमार पुत्र ओमप्रकाश निवासी महुआ इगलास अलीगढ़--टक चालक नंबर 2
- शिशुपाल पुत्र महावीर सिंह निवासी एलआईजी- 67 एडीए कालोनी सासनी गेट--तस्कर नंबर 1
- लोकेश पुत्र किशन सिंह राना निवासी पारस कालोनी सासनी हाथरस हाल निवासी महावीर धाम कालोनी सासनी गेट अलीगढ़--तस्कर नंबर 2
- रिंकू शर्मा पुत्र जितेन्द्र शर्मा निवासी पवन बिहार निकट फाउंड्रीनगर रोडवेज वर्कशाप के पास सर्व मनोकामना मंदिर टेड़ी बगिया एत्माउद्दौला आगरा--माल निगरानी में लाने वाला कैरियर
फरार आरोपी
-विपिन शर्मा निवासी बीगमपुर सासनी हाथरस--तस्कर नंबर 3
-गजेन्द्र शर्मा पुत्र रमेशचन्द्र शर्मा निवासी करौली चंदन टप्पल जनपद अलीगढ़--ट्रक/कन्टेनर मालिक)
बरामद माल:-60 पैकेट 10 - 10 किलोग्राम (कुल 600 किग्रा), 48 पैकेट 05 - 05 किलोग्राम (कुल 240 किग्रा), 25 पैकेट 04 - 04 किलोग्राम (100 किग्रा) कुल वजन 9 क्विटंल 40 किलो नशीला गांजा नाजायज व एक नम्बर प्लेट नं0 एनएल- 01- 5976 बरामद
गिरफ्तार करने वाली टीम
इंस्पेक्टर क्वार्सी छोटेलाल, एसएसआई राजीव कुमार, एसओजी/सर्विलांस प्रभारी अभय शर्मा, एसआई अतुल कुमार, संदीप कुमार, संजय कुमार, राकेश यादव, ओमवीर सिंह, विनोद यादव, दुर्गविजय सिंह, ऋषिपाल सिंह, नवीन भारद्वाज, ज्ञानवीर सिंह, आखिल प्रताप सिंह, मनोज कुमार, रियाजुद्दीन, अजय मावी आदि।