सालों से शहर के बीचों-बीच और मुख्य मार्ग पर करोड़ों की जमीन मुकदमे में फंसी है। इस पर नगर निगम राजस्व बढ़ाने के लिए चाहकर भी कोई कार्य नहीं करा पा रहा है। मगर वक्फ बोर्ड के नए नियम से नगर निगम को बल मिल गया है। अब नगर निगम हाईकोर्ट में अपना पक्ष प्रस्तुत कर दोनों जमीन वक्फ से मुक्त कराएगा। संपत्ति विभाग के लिपिक विजय गुप्ता ने बताया कि नगर निगम की सरकारी जमीन को वक्फ बोर्ड ने अपना बता कर हाईकोर्ट में मुकदमा दायर कर रखा है। मगर, नए कानून के तहत नगर निगम जल्द ही अपना पक्ष हाईकोर्ट में प्रस्तुत कर दोनों जमीनों पर अपना कब्जा करेगा।
तहसील कोल के जीटी रोड पर नगर निगम की लगभग 21 बीघा जमीन है। करोड़ाें रुपये की कीमत वाली इस जमीन पर वक्फ बोर्ड की नजर है। सरकारी जमीन को अपना बता कर वक्फ बोर्ड ने मुकदमा दायर कर रखा है। मगर नए कानून के तहत जल्द ही निगम हाईकोर्ट में अपना पक्ष प्रस्तुत करेगा।-विनोद कुमार, नगर आयुक्त।
यह है जमीन
- गाटा संख्या 1995-सात बीघा, दोनों डीएवी कॉलेज के पास
- गाटा संख्या 1996-14 बीघा, छर्रा बस अड्डा पर