फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Aligarh News: बेटे को दुलारने के बाद घर पहुंची मां, बेटा मेडिकल कॉलेज में ही भर्ती, हाईकोर्ट के आदेश का इंतजार

Sat, 09 May 2026 02:19 PM IST
Chaman Kumar Sharma अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

नाबालिग दुष्कर्म पीड़ित की मां ने खुद बताया कि उनकी बेटी को मेडिकल कॉलेज से उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। वह बेटी को लेकर गांव आ गई हैं। फिलहाल गांव में रह रही हैं।
विज्ञापन
जेएन मेडिकल कॉलेज अलीगढ़ - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

खेलने-कूदने व दुनियादारी समझने की उम्र में बेटे की मां बनी दुष्कर्म पीड़ित नाबालिग को अलीगढ़ जेएन मेडिकल कॉलेज से छुट्टी दे दी गई है। मगर उसका बेटा अभी मेडिकल कॉलेज में ही भर्ती है। छुट्टी मिलने पर घर जाते समय वह अपने बेटे को देखने पहुंची। वहां उसे दुलारने के बाद ही अपनी मां के साथ गांव पहुंच गई। अब उसे हाईकोर्ट के निर्देश का इंतजार है। जिसके आधार पर बच्चे का भविष्य तय होगा। वह खुद बच्चे को रखने को राजी है।

विज्ञापन


यह जानकारी देते हुए नाबालिग दुष्कर्म पीड़ित की मां ने खुद बताया कि उनकी बेटी को मेडिकल कॉलेज से उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई। वह बेटी को लेकर गांव आ गई हैं। फिलहाल गांव में रह रही हैं। उनकी बेटी को जब छुट्टी दी गई, तब उसने वहां डॉक्टरों के सामने बच्चे को साथ भेजने की मांग रखी। 

मगर डॉक्टरों ने बच्चा अभी उपचाराधीन होने व हाईकोर्ट का निर्देश मिलने तक किसी को न देने की बात कही। इसके बाद बच्चे को दुलार करने के बाद वह परेशान होती हुई वापस गांव आ गई। अब वह अधिवक्ता के जरिये मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों के संपर्क में हैँ। उनके अधिवक्ता ने भी यही सलाह दी है कि मेडिकल कॉलेज में उपचार पा रहे बच्चे के विषय में जलद हाईकोर्ट से निर्देश मिलेगा। इसके बाद ही बच्चा कहां जाएगा, यह तय होगा।

विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस ने बटे का भी डीएनए कराया संकलित
दुष्कर्म मामले में पुलिस ने पूर्व में नाबालिग व दुष्कर्म के आरोपी के डीएनए सैंपल संकलित कर लिए थे। अब कानूनी प्रक्रिया को पूरा करने के लिए बृहस्पतिवार को मेडिकल कॉलेज में भर्ती बालक के नमूने भी संकलित किए हैं। इसकी रिपोर्ट भी न्यायालय के समक्ष रखी जाएगी।

ये है प्रकरण
हाथरस की मुरसान कोतवाली में 23 जनवरी को नाबालिग की मां ने दुष्कर्म की रिपोर्ट कराई थी। आरोप था कि बुआ के बेटे ने जुलाई 2025 के बाद से लेकर कई बार बेटी के साथ दुष्कर्म किया। जनवरी में उसके पांच माह के गर्भवती होने की खबर मिली। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच व गिरफ्तारी आदि की कार्रवाई की। इधर, पीडि़त की मां ने बेटी का गर्भपात कराने के लिए हाईकोर्ट में अपील की गई। हाईकोर्ट ने फरवरी में सीएमओ हाथरस से गर्भपात कराने के संबंध में विस्तृत रिपोर्ट तलब की। मगर सीएमओ स्तर से अनदेखी कर दी। बाद में गर्भपात का समय निकल गया। हाईकोर्ट के निर्देश पर मार्च माह में नाबालिग जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया। हाईकोर्ट के निर्देश पर ही यहां उसके उपचार, प्रसव व पैदा हुए बच्चे की देखरेख आदि की प्रक्रिया जारी है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें