अलीगढ़ में सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया की नौरंगाबाद शाखा में हुए गोलमाल के फरार आरोपी बैंक प्रबंधक व बैंक मित्र की तलाश जारी है। दोनों की तलाश में पुलिस की टीमें बिहार व मध्य प्रदेश तक पहुंची हैं। हालांकि मंगलवार तक कोई महत्वपूर्ण सुराग हाथ नहीं लगा। मगर परिवार व रिश्तेदारों से कुछ जानकारियां मिली हैं। जिनके आधार पर पुलिस की टीमें आगे प्रयास कर रही हैं। उम्मीद है कि जल्द कोई सफलता हाथ लगेगी।
बता दें कि बैंक में कई करोडों रुपये के घोटाले के बाद से दोनों लोग गायब हैं। इस मामले में बैंक स्तर से अलग जांच की जा रही है। वहीं पुलिस स्तर से दोनों की तलाश की जा रही है। इसी कड़ी में इन दोनों की तलाश में पुलिस की एक टीम बिहार व एक मध्य प्रदेश तक पहुंची है। हालांकि कोई बड़ी सफलता हाथ में नहीं है। इधर, इस मामले में सोमवार को बैंक मित्र द्वारा छोड़ी गई चिट्ठी में आरोपी बैंक ग्राहक सुमित माथुर ने बैंक में हंगामा किया और स्टाफ से हाथापाई कर दी।
इस दौरान सुमित पक्ष का कहना है कि वह अपने साथ हुए घोटाले और धन की वापसी की जानकारी करने गया था। वह मानसिक रूप से बीमार हो गया है। इसलिए उसने इस तरह की घटना कर दी। सुमित के साथी भाजयुमो के पूर्व जिलाध्यक्ष मुकेश सिंह का कहना है कि डॉक्टर ने उसे उपचार व आराम की सलाह दी है। वहीं बैंक का कहना है कि सुमित व मुकेश चूंकि बैंक मित्र की चिट्ठी में दबाव के आरोपी हैं। इसलिए यह ड्रामा रचा गया है।
एक क्लब की चर्चा पुलिस जांच में आई सामने
इस मामले में पुलिस जांच में एक क्लब की चर्चा सामने आई है। कहा गया है कि इस क्लब में बैठकर बैंक के घोटाले की साजिश रची जाती थी। जिसमें आईपीएल में रकम लगाने तक का खेल होता था। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह क्लब कहां है और कौन सा है। बता दें कि इस पूरे मामले में एसपी सिटी की अगुवाई में पुलिस की एक टीम जांच कर रही है। एसपी सिटी कुलदीप सिंह गुणावत का इतना ही कहना है कि अभी जांच जारी है। दोनों की तलाश में पुलिस टीमें लगी हैं। उनकी गिरफ्तारी के बाद ही कोई तथ्य सामने आएगा।