बर्ड फ्लू के भय से लोग मुर्गा एवं अंडा से किनारा कर रहे हैं। वहीं मीट एवं मछली की बिक्री में 25 प्रतिशत से अधिक का इजाफा हुआ है। मुर्गा एवं अंडे के भाव में गिरावट दर्ज की गई है। सर्दी के दिनों में मुर्गा एवं अंडा आदि की मांग अधिक होती है। चंद रोज पहले तक खुदरा बाजार में मुर्गा दो सौ रुपये प्रति किलो बिक रहा था। देश में बर्ड फ्लू का केस सामने आने के बाद मांग में तेजी से गिरावट दर्ज की गई।
यूपी सहित दस राज्यों में फ्लू के मामले सामने आ चुके हैं। अब मुर्गा दो सौ के बदले 140 और 150 रुपये प्रति किलो बिक रहा है। यानी प्रति किलो 50 से 60 रुपये तक की गिरावट हुई है। इसी तरह अंडे की पेटी 30 अंडे, 175-180 रुपये थी, जो घटकर 130-35 पर आ गई है। दूसरी तस्वीर यह है कि मांसाहारी लोग अब मुर्गा एवं अंडा के बदले मीट एवं मछली की ओर रूख कर लिए हैं। इसकी वजह से मीट एवं मछली की मांग में 25 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि हुई है। राहत की बात यह है कि मीट एवं मछली के भाव में इजाफा नहीं हुआ है। बकरे का मीट 500 से 600 रुपये प्रति किलो है। जबकि मछली 150 से 200 रुपये प्रति किलो है। वहीं होटल संचालकों का कहना है कि बर्ड फ्लू के कारण मांसाहार के बदले शाकाहारी भोजन को लोग ज्यादा पसंद कर रहे हैं।
बर्ड फ्लू के कारण मुर्गा की बिक्री में 75 प्रतिशत की गिरावट आई है। मीट की बिक्री में 25 प्रतिशत का इजाफा हुआ है।
- सोनू, मुर्गा एवं मीट कारोबारी
पिछले तीन-चार दिन में प्रति पेटी अंडा के भाव में 45 एवं 50 रुपये की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि मांग में कोई खास गिरावट नहीं है।
- अनिल कुमार, अंडा कारोबारी
मुर्गा का काम बहुत कम हो गया है। हालांकि अभी भी इसके ग्राहक है। मछली की मांग जरूर बढ़ गई है। मछली 150 से 200 रुपये प्रति किलो बिक रही है।
- नन्हें अहमद, मुर्गा एवं मछली कारोबारी
बर्ड फ्लू का मामला आने के बाद लोग डर गए हैं। रेस्टोरेंट में इन दिनों मांसाहार के बदले शाकाहारी भोजन ज्यादा पसंद कर रहे हैं।
- विवेक बगाई, रेस्टोरेंट संचालक