जहरीली शराब के सेवन से मौतों के मामले में मजिस्ट्रेटी जांच के तहत सोमवार को लोधा के रायट गांव के तीन लोगों ने एडीएम प्रशासन के कार्यालय में पहुंचकर अपने बयान दर्ज कराए। उन्होंने खुलेआम नकली शराब की बिक्त्रस्ी होने के बयान दर्ज कराए हैं। साथ ही कहा कि 24 घंटे लाइसेंसी ठेकों से शराब बिकती है। गांव के युवा इससे बर्बाद हो रहे हैं। इधर, अधिकारियों की ओर से व्यस्तता के चलते अभी बयान नहीं दर्ज कराए गए हैं। आज आम जनता व अधिकारियों के पास बयान दर्ज कराने व साक्ष्य पेश करने का अंतिम मौका है।
मजिस्ट्रेटी जांच कर रहे एडीएम प्रशासन देवी प्रसाद पाल ने बताया कि जिला आबकारी अधिकारी (डीईओ), खैर एसडीएम अंजनी कुमार, कोल एसडीएम रंजीत सिंह, सीओ खैर शिवप्रताप सिंह, सीओ गभाना कर्मवीर सिंह और सीओ सिविल लाइंस विशाल चौधरी, इंस्पेक्टर खैर प्रवेश कुमार, तत्कालीन लोधा इंस्पेक्टर अभय शर्मा, और जवां इंस्पेक्टर चंचल सिरोही को नोटिस जारी किया है। इनसे बयान, साक्ष्य सहित घटना के संबंध में आख्या मांगी है। इसके साथ ही अब तक की गई कार्रवाई की रिपोर्ट। एफआईआर, गिरफ्तारी की रिपोर्ट मांगी है। अधिकारियों ने फिलहाल बताया है कि वह कार्रवाई और इस मामले में सुराग जुटाने में व्यस्त हैं, इसके चलते सोमवार को उनके बयान नहीं हो सके।