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छात्र नेता फरहान जुबैरी की गिरफ्तारी: एएमयू के सभी गेटों पर जड़े ताले, एलआईयूकर्मी से अभद्रता

Sat, 23 Sep 2023 04:54 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

फरहान की गिरफ्तारी के बाद जैद शेरवानी को घेरा गया। जब जैद वहां से छूटकर आ गया, मगर छात्रों की भीड़ वहां से सीधे बाब-ए-सैयद पहुंच गई। साथ में तमाम छात्र भी वहां आ गए। फिर एक एक कर सभी गेटों पर ताले डाल दिए।
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एएमयू - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के छात्र नेता फरहान जुबैरी की गिरफ्तारी की खबर पर गुस्साए छात्रों का हंगामा देर रात तक जारी रहा। हालांकि सभी कैंपस के अंदर ही थे और एएमयू में प्रवेश वाले सभी गेटों पर ताले जड़ दिए गए। कुछ जगहों पर बैरियर लगा दिए गए। इस दौरान बाब-ए-सैयद पर अंदर प्रवेश करने पर एक एलआईयू कर्मी से अभद्रता कर दी। लोगों का साफ कहना था कि जब तक फरहान को छोड़ा नहीं जाएगा, तब तक वे ताले नहीं खोलेंगे। हालांकि देर रात तक प्रॉक्टर टीम उन्हें समझाने का प्रयास कर रही थी। वहीं बाहर पुलिस नजर बनाए हुए थी।

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फरहान की गिरफ्तारी के बाद जैद शेरवानी को घेरा गया। जब जैद वहां से छूटकर आ गया, मगर छात्रों की भीड़ वहां से सीधे बाब-ए-सैयद पहुंच गई। साथ में तमाम छात्र भी वहां आ गए। फिर एक एक कर सभी गेटों पर ताले डाल दिए। हालांकि प्रॉक्टोरियल टीम उन्हें समझाने में लगी थी। मगर छात्र नहीं माने। इसी बीच वहां पहुंचे एक एलआईयूकर्मी से अभद्रता तक कर दी। बाद में एलआईयू कर्मी वहां से निकल आया। देर रात तक हंगामा जारी था।

लगा था धर्म परिवर्तन के दबाव का आरोप
इस मामले में बेशक पुलिस ने पहली तहरीर पर मारपीट, अपहरण, रंगदारी वसूली आदि का मुकदमा दर्ज किया था। मगर मामले में आकाश की ओर से मौखिक तौर पर और अलग से एक तहरीर देकर धर्म परिवर्तन के दबाव का आरोप लगाया था। कहा था कि उसे अगवा कर ले जाने के बाद कहा गया था कि अगर तूने रंगदारी में रुपये नहीं दिए और हमारी बात मानकर अपना धर्म नहीं बदला तो ऐसे ही पीटा जाएगा। उसके द्वारा सोच विचारकर बात मानने का समय मांगा गया। तब उसे छोड़ा गया था।
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इसी विवाद में निलंबित हुए थे इंस्पेक्टर क्वार्सी 
इस मामले में पुलिस पर यह भी आरोप लगा था कि घटना के दिन पुलिस को सूचना दी गई थी। उस समय मारपीट की सूचना पर पुलिस आई थी और दोनों पक्षों को थाने ले जाया गया। मगर मुख्य आरोपी फरहान निवासी जमालपुर का पिता गैर जनपद में पुलिस विभाग में है। इसी के दबाव में पुलिस ने उस समय मात्र शांति भंग में कार्रवाई की। उस दिन यह प्रक्रिया क्वार्सी में अपनाई गई। इस आधार पर तत्कालीन इंस्पेक्टर क्वार्सी प्रवेश राणा को निलंबित किया गया था।

बदायूं निवासी छात्र नेता फरहान पर दर्ज हैं कुल 14 मुकदमे
पुलिस द्वारा शुक्रवार को गिरफ्तार किए गए एएमयू छात्र नेता फरहान जुबैरी मूल रूप से बदायूं इस्लाम नगर का रहने वाला है। उस पर कुल 14 मुकदमे दर्ज हैं। इनमें से सिर्फ एक वर्तमान गिरफ्तारी वाले मुकदमे को छोडक़र बाकी सभी में चार्जशीट दायर हो चुकी है। इनमें कई मुकदमे हमला, बल्वा आदि धाराओं के हैं, जबकि कुछ निषेधाज्ञा उल्लंघन और कुछ भावनाएं आहत करने सबंधी बयान देने के हैं। वर्तमान में जिस मुकदमे में गिरफ्तारी हुई है, उसमें 7 अगस्त को न्यायालय से गैर जमानती वारंट जारी हो चुके हैं। बता दें कि फरहान की इससे पहले भी एक बार इसी थाने से एएमयू से जुड़े मुकदमे में गिरफ्तारी हुई थी। कुछ समय पहले तक फरहान एमआईएम की युवा शाखा में प्रदेश पदाधिकारी था। मगर अब कुछ समय से सपा नेताओं में उसकी करीबियां दिख रही हैं।

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