एएमयू छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष शहजाद आलम बरनी ने योगी आदित्यनाथ को ‘जिन्न’ बताया। उन्होंने कहा कि भाजपा में जो अरसे से काम रहे थे, उनके सिर पर योगी आदित्यनाथ को जिन्न की तरह लाकर बिठा दिया गया। शनिवार को वह एएमयू के कैनेडी हॉल में छात्रसंघ की ओर से ‘मौजूदा भारतीय राजनीति में युवाओं की भूमिका’ विषय पर छात्रसंघ के पूर्व पदाधिकारियों के सम्मेलन में बोल रहे थे।
उन्होंने कहा कि चैनलों के डिबेट शो में हिस्सा न लेने की मौलानाओं को नसीहत दी। उन्हें संविधान की तनिक भी जानकारी नहीं होती, लेकिन लिफाफे की लालच में शो में पहुंच जाते हैं। उन्होंने एक अखबार में छपी फोटो को तिरंगा यात्रा का जिक्र किया, जिसमें तिरंगा था ही नहीं। अगर कोई उसमें तिरंगा दिखा तो वह पाकिस्तान चले जाएंगे। छात्रसंघ के अध्यक्ष मशकूर अहमद उस्मानी ने कहा कि इस सम्मेलन का मकसद पूर्व पदाधिकारियों के अनुभव के सहारे भविष्य की राहें तय करना है। देश के हालात अच्छे नहीं है।
मोदी सरकार से जब से सत्ता आई है, तब से दिक्कतें शुरू हो गईं। उन्होंने कासगंज के बवाल को राज्य सरकार द्वारा प्रायोजित आतंकवाद बताया है। यह वर्ष 2018 के आखिर में लोकसभा चुनाव की तैयारी का हिस्सा है। छात्रसंघ के सचिव मोहम्मद फहद का कहना है कि कासगंज में खास समुदाय के लोगों को टारगेट बनाया जा रहा है। बेकसूर लोगों को फर्जी मुकदमे में फंसाया जा रहा है। यही हालात रहे तो कासगंज के बाद मथुरा, दिल्ली और पूरा हिंदुस्तान जल उठेगा। हिंदू-मुस्लिम के बीच नफरत फैलाने की घिनौनी साजिश रची जा रही है। उन्होंने कहा कि सरकार का मकसद मुसलमानों के दिल-ओ-दिमाग में खौफ पैदा करना है। मीडिया अब ‘गोदी मीडिया’ हो चुकी है।
पूर्व सचिव फार्रुख खान ने विचारधारा के खिलाफ लड़ाई लड़ने की बात कही। पूर्व सचिव सुलेमान अहमद खान ने कहा कि सरकार से युवा सवाल पूछें? पूर्व उपाध्यक्ष मुदस्सिर हयात ने आधुनिक शिक्षा हासिल करने की बात की। पूर्व अध्यक्ष नसीम अशरफ ने कहा कि मुद्दों पर बात होनी चाहिए। राजधर्म के बारे जानकारी पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को ही थी। पूर्व अध्यक्ष जेड के फैजान ने कहा कि वक्त खराब चल रहा है। पूर्व अध्यक्ष प्रो. बशीर ए खान, पूर्व सचिव नबील उस्मानी, फरहान जुबैरी, कांग्रेस नेत्री रूही जुबैरी ने विचार व्यक्त किए। इस सम्मेलन का आगाज कारी आजम के द्वारा कुरान की तिलावत से हुआ।
सबूत मिलने तक मन्नान बेकसूर : फैजुल
छात्र संघ के पूर्व अध्यक्ष फैजुल हसन ने कहा कि भगवान शंकर अगर मोदी को गलत बता दें तो मोदी भक्त भगवान की बात को भी गलत बता देंगे। उन्होंने कहा कि मन्नान वानी को तब तक बेकसूर मानते रहेंगे, जब तक उनके खिलाफ कोई सुबूत नहीं मिल जाता। सरकार गाय, गोबर, गोमूत्र, पद्मावती में उलझकर रह गई है।