इगलास से गोंडा-खैर और हाथरस जाने के लिए सरकारी बसें उपलब्ध नहीं हैं। यात्रियों को जान जोखिम में डालकर निजी व डग्गेमार वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है।
कई वर्ष पहले इन मार्गों पर निजी बसें चलती थीं, जो बाद में बंद हो गईं। चार महीने पहले तक रोडवेज बसें चलीं, जिससे यात्रियों को राहत मिली थी। हालांकि, परिवहन निगम के हाथरस डिपो ने इन बसों का संचालन बंद कर दिया। अब लोग पूरी तरह से डग्गेमार वाहनों पर निर्भर हैं। क्षेत्रीय लोग जनप्रतिनिधियों से उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की चार बसें चलवाने की मांग कर रहे हैं। लेकिन न तो जनप्रतिनिधि और न ही परिवहन विभाग इस ओर ध्यान दे रहा है। इन रूटों पर रोजाना हजारों सवारियां यात्रा करती हैं, जिससे छात्र-छात्राएं भी परेशान हैं।
बातचीत..
- इगलास की रामानंदपुरम कॉलोनी निवासी अशोक उपाध्याय का कहना है कि क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों को हाथरस-इगलास-गोंडा-खैर तक परिवहन निगम की बसों का संचालन कराया जाना चाहिए।
-कस्बे की मास्टर कॉलोनी निवासी शहजाद बालाजी का कहना है कि डग्गेमार वाहनों को प्रतिबंधित करके सरकारी बसों का संचालन सुबह पांच बजे से रात नौ बजे तक कराया जाना चाहिए।
- क्षेत्रीय विधायक राजकुमार सहयोगी का कहना है कि वह परिवहन निगम के अधिकारियों से मिलकर परिवहन निगम की बसों का पहले की तरह ही संचालन कराने के लिए बातचीत करेंगे।