फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इगलास अपहरण कांड... नहीं हो सकी वादी की गवाही

विज्ञापन
विज्ञापन
इगलास के बहुचर्चित फर्नेश कारोबारी सुरेंद्र जिंदल अपहरण व फिरौती वसूली कांड में सोमवार को न्यायालय में वादी की गवाही नहीं हो सकी। इस कांड के मुख्य आरोपी कुख्यात अपराधी विनोद जाट की हाथरस में भी किसी अन्य मुकदमे में पेशी थी। इसलिए वह यहां नहीं आ सका। अब न्यायालय ने इस मामले में 25 मार्च की तारीख नियत की है।
विज्ञापन

शीशियापाड़ा के फर्नेश कारोबारी सुरेंद्र जिंदल के 16 जून 2020 को हुए अपहरण कांड का जल्द से जल्द ट्रायल कराकर आरोपियों को सजा कराने का पूरा प्रयास जिला पुलिस के स्तर से किया जा रहा है। इसका ट्रायल सत्र न्यायाधीश विवेक संगल के न्यायालय में चल रहा है। सोमवार को पहले गवाह के रूप में इस मुकदमे के वादी खुद अगवा हुए सुरेंद्र जिंदल की गवाही होनी थी।
इसके लिए न्यायालय ने मुख्य आरोपी विनोद जाट को भी आगरा जेल से तलब किया था। मगर सोमवार को ही उसकी किसी अन्य मुकदमे में हाथरस न्यायालय में पेशी थी। इसलिए उसे आगरा से यहां नहीं लाया जा सका। इस दौरान पुलिस सुरक्षा में वादी को न्यायालय में ले जाया गया था। डीजीसी क्रिमिनल धीरेंद्र सिंह तोमर के अनुसार अब इस मामले में न्यायालय ने 25 मार्च तारीख नियत कर दी है।
विज्ञापन

बच्ची हत्याकांड में बालक की गवाही शुरू
टप्पल के बहुचर्चित ढाई साल की बच्ची की हत्या के प्रकरण में न्यायालय में वादी पक्ष के बालक की गवाही शुरू हो गई है। सोमवार को एडीजे-12 अभिनितम उपाध्याय के न्यायालय में गवाही के लिए बालक को लाया गया। मगर वह घबराहट में पूरी तरह बयान नहीं दे सका।
एडीजीसी प्रमेंद्र जैन के अनुसार अब इस मामले में बच्चे की गवाही के लिए 8 अप्रैल तारीख नियत की गई है। बता दें कि 30 मई 2019 को गायब हुई बच्ची की दो जून की सुबह कुछ दूरी पर लाश मिली थी। यह प्रकरण देश भर में सोशल मीडिया पर छाया था।
मिशन शक्ति अभियान में जमानतें खारिज
एडीजे विशेष न्यायाधीश पास्को एक्ट के न्यायालय से मिशन शक्ति अभियान के तहत दुष्कर्म व पॉस्को एक्ट के मामलें में जमानतें खारिज की गई हैं। विशेष लोक अभियोजक महेश चौधरी के अनुसार सासनी गेट के अपहरण, दुष्कर्म व पॉस्को के आरोपी आसिफ, इगलास के दुष्कर्म व पॉस्को के आरोपी भरत व क्वार्सी के अपहरण, दुष्कर्म व पॉस्को के आरोपी प्रद्युमभन की जमानत खारिज की गई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें