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देर रात जेएन मेडिकल कॉलेज की हड़ताल स्थगित, दिनभर परेशान रहे मरीज

Tue, 31 May 2016 01:21 AM IST
अलीगढ़/ब्यूरो
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जेएन मेडिकल कॉलेज - फोटो : महीपाल ‌सिंह
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 एएमयू के जेएन मेडिकल कॉलेज के रेजीडेंट डॉक्टरों की हड़ताल तीसरे दिन देर शाम एक सप्ताह के लिए स्थगित कर दी गई। रेजीडंट डॉक्टर एसोसिएशन के अध्यक्ष ने सोमवार देर रात इसका ऐलान किया। उन्हाेंने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें अगले एक सप्ताह में नहीं मानी गईं तो वे फिर हड़ताल पर चले जाएंगे। दूसरी तरफ, सोमवार की सुबह हड़ताल के चलते मरीज अस्पताल की इमरजेंसी में तो नहीं आए, पर हादसे का शिकार होकर यहां आने वाले मरीजों और उनके तीमारदारों को लौटना पड़ा। इस दौरान अस्पताल में भर्ती मरीजों का पलायन भी जारी रहा।
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  सोमवार की रात हुई आडीए की जनरल बॉडी मीटिंग में हड़ताल स्थगित करने का निर्णय लिया गया। रेजीडेंट डॉक्टरों की मांग है कि उन्हें सुरक्षा प्रदान की जाए और मारपीट करने वाले तीमारदारों की गिरफ्तारी की जाए। इस मामले में एएमयू इंतजामिया की ओर से आधिकारिक रूप से कोई बयान जारी नहीं किया गया है।
  जनसंपर्क कार्यालय इस मामले में पूरी तरह चुप्पी साधे हुए  है। इसके चलते शाम तक लोगों में संशय की स्थिति बनी हुई थी। एएमयू के जेएन मेडिकल कॉलेज में अलीगढ़ के अलावा हाथरस, एटा, कासगंज, मैनपुरी एवं बरेली आदि तक के गंभीर मरीज आते हैं। 
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अलीगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों में दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल मरीजों को मेडिकल कॉलेज में ही उपचार के लिए भेजा जाता है। रेजीडेंट डॉक्टरों की हड़ताल के कारण घायलों को उपचार और मरीजों को इलाज नहीं मिल पा रहा है। मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने हड़ताल समाप्त करने की अपील की और कहा कि इससे गरीब मरीजों को सबसे ज्यादा नुुकसान हो रहा है। जेएन मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य प्रो. तारिक  मंसूर ने तमाम विभागाध्यक्षों एवं अधिकारियों के साथ बैठक कर हालात पर चर्चा की।
प्राचार्य ने आरडीए पदाधिकारियों से भी हड़ताल खत्म करने की अपील की थी। उन्होंने बताया कि सुरक्षा के मददेनजर पूरे मेडिकल कॉलेज में सायरन लगवाया जाएगा। इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। किसी तरह की अप्रिय घटना होने पर सायरन बजा दिया जाएगा और तमाम सुरक्षाकर्मी वहां पहुंच जाएंगे। गौरतलब है कि शुक्रवार की रात खैर के एक दो महीने के बच्चे की मौत उपचार के दौरान हो गई थी। आरोप है कि तीमारदारों ने रेजीडेंट डॉक्टर डॉ. जफर इकबाल एवं डॉ. अम्मर जावेद की पिटाई कर दी थी। इसके बाद रेजीडेंट डॉक्टर हड़ताल पर थे।
जिला अस्पताल और डीडी अस्पताल हाई अलर्ट पर, छुट्टी रद
जेएन मेडिकल कॉलेज की हड़ताल को देखते हुए मलखान सिंह जिला अस्पताल, दीन दयाल संयुक्त अस्पताल और मोहन लाल गौतम महिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ गई है। इस स्थिति को देखते हुए मलखान सिंह जिला अस्पताल में दवाओं का स्टाक बढ़ा दिया गया है। डॉक्टरों को अतिरिक्त समय देने के लिए कहा गया है। सीएमएस डॉ. यतिंद्र कुमार भारद्वाज ने बताया कि ओपीडी में मरीजों की संख्या बढ़ी है। जितना संभव हो रहा है मरीजों को उपचार दिया जा रहा है। महिला अस्पताल की सीएमएस डॉ. गीता चंद्रा ने बताया कि डॅाक्टरों की छुट्टियां रद कर दी गई हैं। ओपीडी बढ़ गई है। यही स्थिति डीडी अस्पताल में भी सोमवार को रही। 
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