विजयदशमी का पर्व शुक्रवार को जिले भर में धूमधाम से मनाया गया। शहर का आकर्षण का केंद्र रहने वाले श्री राम महोत्सव के तहत नुमाइश मैदान में कुंभकरण, मेघनाद व रावण वध लीला का मंचन हुआ। इसके बाद तीनों के पुतलों का दहन किया गया। नुमाइश मैदान में हजारों की संख्या में पहुंचे दर्शकों के बीच रावण के अभिमान का राम ने अंत कर दिया।
श्री राम सेना के साथ जैसे ही नुमाइश मैदान पहुंचे, वैसे ही पूरा परिसर जय श्री राम के जयकारों से गूंज उठा। इसके बाद यहां श्री राम व रावण की सेना में युद्ध हुआ। वानरों ने राक्षसों को चुन-चुनकर मारा। हनुमान, अंगद आदि ने भी राक्षसों को दांतों तले अंगुली दबाने पर मजबूर कर दिया।
बार-बार वाण के वार से जब रावण नहीं मरा तो राम की सेना असमंजस में पड़ गई। सब एक दूसरे को देखने लगे। यह देख विभीषण ने राम को रावण की नाभि में अमृत कुंड होने का राज बताया। यह जानकारी मिलते ही राम ने रावण की सभी भुजाओं, सिरों सहित नाभि कुंड पर वाण मारा। इस वार से अभिमानी रूपी रावण का अंत हो गया। इसी के साथ बुराई के प्रतीक को रावण, मेघनाथ, कुंभकरण के पुतलों का दहन हुआ। रावण दहन के बाद उसकी अस्थियां बटोरने के लिए भीड़ में होड़ मच गई। दर्जनों लोग रावण के पुतले के पास बनी बैरीकेंडिंग को लांघ कर दूसरी तरफ का सुरक्षा घेरा तोड़ कर अंदर घुसने लगे। अभी तक आतिशबाजी शांत नहीं हुई थी। पुलिस ने इन लोगों को रोकने के लिए मजबूरी में लाठियां भांजी। पुलिस को आक्रामक होते देख लोग वहां से भागे। संबंिधत खबरें पेज 8 पर
मोबाइल सिग्नल हो गए फेल
रावण दहन के दौरान हजारों की पब्लिक वहां जमा हो गई। शाम छह बजे से आठ बजे तक फोन में सिग्नल तो आ रहे थे, लेकिन किसी को कॉल नहीं लग रही थी। इस संबंध में जब एसपी सिटी अतुल द्विवेदी से बातचीत की तो उन्होंने बताया कि यहां कोई जैमर की व्यवस्था नहीं की गई है। हो सकता है अधिक संख्या में लोग होने की वजह से टावर फ्रिक्वेंसी में लोड आ गया हो। अक्सर लोगों का 24 घंटे नेट ऑन रहता है। अधिक संख्या में तादात होने की वजह से हो सकता है नेट सिग्नल पर अधिक लोड बढ़ गया होगा।
सरकारी वाहनों पर चढ़ी भीड़
रावण के स्वरूप को देखने के लिए भीड़ एकाएक बेकाबू हो गई। कई लोग तो फायर बिग्रेड की गाड़ी, क्रेन आदि सरकारी वाहनों पर चढ़कर रावण को देखने लगे। यह देख पुलिसकर्मियों ने लोगों को नीचे उतारा।
मंडलायुक्त ने किया राम का तिलक
नुमाइश मैदान में युद्ध से पहले राम-लक्ष्मण का अतिथियों ने तिलक कर स्वागत किया गया। इस दौरान सबसे पहले मुख्य अतिथि के रूप में पधारे लॉ कमीशन के चेयरमैन एडी मित्तल, मंडलायुक्त अजयदीप सिंह, डीएम चंद्रभूषण सिंह, एसएसपी अजय साहनी, अंजना सेंगर, रचना सिंह आदि ने राम-लक्ष्मण के स्वरूपों का तिलक किया। इस दौरान एसपी सिटी अतुल कुमार द्विवेदी, पूर्व मेयर शकुंतला भारती, कोल विधायक अनिल पाराशर, शहर विधायक संजीव राजा, नगर आयुक्त सत्यप्रकाश पटेल, मानव महाजन, एसडीएम कोल जोगिंदर सिंह ने भी तिलक किया।