एएमयू रोड पर तेज धूप में दुपट्टा ओढ़े छात्राएं
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चिलचिलाती धूप ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। रोजाना गर्मी का पारा चढ़ रहा है। मार्च में ही गर्मी ने अपने सख्त तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। अलीगढ़ में गर्मी ने पिछले 10 साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। बृहस्पतिवार को दोपहर में अधिकतम 39 डिग्री सेल्सियस रहा है, जो पिछले 10 साल से ज्यादा है।
तापमान में तेजी से हो रहे बदलाव की वजह से मौसम के जानकार भी हैरान है। वे मौसम के बदले रुख की वजह जलवायु परिवर्तन बता रहे हैं। मौसम के जानकारों का कहना है यह तो मार्च है। अभी अप्रैल, मई, जून का महीना बाकी है। विशेषज्ञों का कहना है कि इस बार मौसम में हो रहे बदलाव को देखते हुए इसकी प्रबल संभावना है कि अप्रैल के दूसरे सप्ताह से ही लू के थपेड़े चलने लगेंगे। जबकि आमतौर पर लू मई के दूसरे सप्ताह से चलते हैं।
तापमान अचानक बढ़ रहा है। गर्मी की वजह से फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है। पश्चिमी विक्षोभ छोटी-छोटी आई हैं। इसलिए बहुत ज्यादा गर्मी पड़ेगी। अप्रैल के दूसरे सप्ताह में लू के थपेड़े आने की प्रबल संभावना है।
- डॉ. अहमद मुज्तबा सिद्दीकी, प्राध्यापक, भूगोल विभाग, एएमयू
निश्चित रूप से गर्मी ज्यादा बढ़ रही है। ऐसी गर्मी पिछले वर्षों में नहीं पड़ी है। इस बार फरवरी में गर्मी ने असर दिखाना शुरू कर दिया था। यह जलवायु परिवर्तन का ही नतीजा है कि मार्च में मई जैसी चिलचिलाती धूप पड़ने लगी है।
- प्रो. निजामुद्दीन खान, पूर्व अध्यक्ष, भूगोल विभाग, एएमयू
पिछले 10 में 27 मार्च का तापमान इस तरह रहा
वर्ष अधिकतम न्यूनतम
2025 39 20
2024 35 21
2023 31 19
2022 38.5 20
2021 37 20
2020 37 17
2019 37 19
2018 38 19
2017 38.2 22
2016 37.22
2015 35.2 19.5
तापमान डिग्री सेल्सियस में