एक तरफ जब मदर्स डे पर जगह-जगह मां की अहमियत बताई जा रही थी, वहीं दूसरी तरफ एक मां ने अपनी कोख में पलने वाले जिगर के टुकड़े को कूड़े के ढेर पर फेंक दिया। बाद में ग्रामीणों की मदद से बच्चे को उठाकर अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल बच्चा एक समाज सेवी के पास रह रहा है।
गांव इलखनी मंडनपुर के बीच सड़क किनारे कूडे़ का ढेर लगा है। रविवार की सुबह करीब नौ बजे उसी जगह गांव में फेरी का काम करने वाले एक व्यक्ति को वहां वहां एक नवजात शिशु पड़ा रोता मिला। इसके बाद उसने इसकी जानकारी गांव के लोगों को दी।
सूचना मिलने पर गांव के लोग वहां बड़ी संख्या में इकट्ठा हो गए। इसी बीच गांव के समाजसेवी विजेंद्र सिंह यादव मौके पर पहुंच गए। उन्होंने नवजात शिशु को कूडे़ के ढेर से उठाकर सीएचसी अकराबाद पहुंचाया। वहां डॉक्टरी परीक्षण करने के बाद उसे अपने घर ले गए। अब उनके घर बच्चे को गोद लेने वालों का तांता लगा है। दूसरी तरफ विजेंद्र सिंह यादव का कहना है कि नवजात को उसे ही गोद दिया जाएगा जो बच्चे को पालन पोषण और पढ़ाई लिखाई सही ढंग से करने की जिम्मेदारी उठाने को तैयार होगा।