करणी सेना ने शुक्रवार को आरोपियों के समर्थन में बिटिया के गांव में महापंचायत करने का ऐलान किया है। इससे संबंधित संदेश भी सोशल मीडिया पर वायरल होने लगे तो पुलिस प्रशासन व स्थानीय खुफिया तंत्र सतर्क हो गया और छानबीन व पूछताछ में जुट गया। गुरुवार को करणी सेना के राष्ट्रीय महामंत्री सहित पांच लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। वह हरियाणा से यहां आए थे और शहर के एक होटल में रुके थे। इन्हें शांति भंग करने के आरोप में गिरफ्तार करने के बाद एसडीएम सदर के न्यायालय में पेश किया गया। वहां से जेल भेज दिया गया। बिटिया के गांव में सुरक्षा व्यवस्था और सख्त कर दी गई है।
बिटिया के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म और हत्या के मामले में सीबीआई ने चारों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट लगा दी है। कुछ संगठन सीबीआई की चार्जशीट पर सवाल उठा रहे हैं। ऐसे में करणी सेना भारत ने शुक्रवार 25 दिसंबर को बिटिया के गांव में आरोपियों के समर्थन में महापंचायत करने का ऐलान भी किया है। बुधवार की देर रात से इसे लेकर सोशल मीडिया पर संदेश जारी होने लगे और करणी सेना के कुछ पदाधिकारियों द्वारा बिटिया के गांव में महापंचायत में शामिल होने की अपील की जाने लगी।
जानकारी मिलते ही खुफिया तंत्र बेहद सक्रिय हो गया। स्थानीय पुलिस को यह जानकारी मिली कि शहर के आगरा रोड स्थित एक होटल में करणी सेना से जुड़े कुछ लोग ठहरे हैं तो पुलिस ने गुरुवार की दोपहर को इन लोगों को होटल से पकड़ लिया। यह लोग गांव में महापंचायत की तैयारी के लिए जा रहे थे। पुलिस इन पांचों को स्कार्पियो गाड़ी सहित गिरफ्तार कर थाना कोतवाली सदर ले आई। इनमें करणी सेना के राष्ट्रीय महामंत्री ओकेंद्र राणा पुत्र नेत्रपाल सिंह के अलावा चमन कुमार गोयल पुत्र बजरंग लाल, प्रदीप राघव पुत्र देशराज निवासीगण भिवानी हरियाणा, राजेंद्र राणा पुत्र दर्शन सिंह निवासी गोविंदपुर, थाना भाजपुर जिला पटियाला पंजाब, राज सिंह पुत्र प्रशांत सिंह निवासी खानपुर जिला साकेत दिल्ली साउथ के नाम शामिल हैं।
इन्हें एसडीएम सदर कोर्ट में पेश किया गया। वहां से जेल भेज दिया गया। इस सिलसिले में पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल ने बताया कि करणी सेना के पांच लोगों द्वारा माहौल को बिगाड़ने का प्रयास किया रहा था। उन्हें गिरफ्तार कर शांतिभंग के तहत कार्रवाई की गई है।