बार-बार रेफर किए जाने से गुस्साए तीमारदारों ने जिला अस्पताल की इमरजेंसी में हंगामा कर दिया। गालीगलौज और मारपीट की नौबत आई तो डाक्टर भाग गए।
सीएमएस डा. हीरा सिंह ने बताया कि गंभीर हालत में आए मरीजों को जिला अस्पताल की इमरजेंसी से एएमयू के जेएन मेडिकल कालेज में रेफर किया गया था क्योंकि उनका इलाज जिला अस्पताल में संभव नहीं था, इसी बात पर वह लोग भड़क गए।
बिजौली में हुई घटना के घायल तीन लोग रविवार शाम को पहले दीनदयाल संयुक्त अस्पताल पहुंचे जहां से उनको जिला अस्पताल भेज दिया गया। जिला अस्पताल पहुंचने के बाद उनको वहां जब एएमयू के जेएन मेडिकल कालेज के लिए रेफर किया गया तो तीमारदार भड़क गए।
तीमारदाराें का आरोप था कि बार-बार उनको रेफर किया जा रहा है। इलाज नहीं मिल रहा अगर उनका मरीज रास्ते में ही दम तोड़ दे तो ऐसे अस्पतालों का क्या लाभ। तीमारदारों का सब्र जवाब दे गया। हंगामे के बाद तीमारदार मरीज को लेकर मेडिकल कालेज चले गए, जहां उसका उपचार शुरू हुआ।