राजस्थान के राज्यपाल कल्याण सिंह के करीबी माने जाते भाजपा नेता अतरौली के पूर्व चेयरमैन तुलसी प्रसाद अग्रवाल की गंगा डेयरी को जल प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने गुरुवार की रात सील कर दिया। इस कार्रवाई से अतरौली में हड़कंप मच गया। डीएम के आदेश पर यह कार्रवाई की गई है। विद्युत विभाग की ओर से डेयरी की बिजली भी काट दी गई है। सील करते हुए यहां दूध से बनने वाले प्रोडक्ट बंद करा दिए गए हैं।
सहायक पर्यावरण अधिकारी बीडी शर्मा ने बताया कि पिछले दिनों अवंतीबाई चौराहा स्थित मैं गंगा डेयरी तुलसीपुरम का निरीक्षण किया गया था। डेयरी का संचालन प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अनुरूप नहीं पाया गया था। डेयरी संचालक को नोटिस दी गई थी इसके बाद भी संचालन में कोई सुधार नहीं हुआ। टीम ने पुन: निरीक्षण के बाद आख्या प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड लखनऊ को भेजी थी। उत्तर प्रदेश जल प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने चार फरवरी को डीएम को पत्र लिखते हुए डेयरी की औद्योगिक प्रक्रिया तत्काल प्रभाव से बंद कराने के निर्देश दिए थे। डीएम चंद्रभूषण सिंह के निर्देश पर जल प्रदूषण निवारण तथा नियंत्रण अधिनियम 1974 की धारा 33 ए के तहत गुरुवार की रात करीब सात बजे एसडीएम शिवकुमार, सीओ प्रशांत सिंह व प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने गंगा डेयरी पहुंचकर उसकी औद्योगिक ईकाई को सील कराया। साथ ही डीएम के आदेश पर बिजली विभाग की टीम भी मौके पर पहुंची और कनेक्शन काटा गया।
आरएसएस व भाजपा से जुड़े हैं तुलसी प्रसाद अग्रवाल
अतरौली। राजस्थान के गर्वनर कल्याण सिंह के मुख्यमंत्रित्व काल में उनके आशीर्वाद से तुलसी प्रसाद अग्रवाल भाजपा के टिकट पर वर्ष 1995 से 2000 तक अतरौली के चेयरमैन रहे हैं। तुलसी प्रसाद अग्रवाल भाजपा के अलावा संघ से भी जुड़े हैं। वह संघ की ओर से संचालित सरस्वती विद्या मंदिर के प्रबंधक व अध्यक्ष भी रहे हैं। मैं गंगा डेयरी को वह अपने पुत्र कमल अग्रवाल व आशू अग्रवाल के साथ मिलकर चलाते हैं।
हम लोग बाहर हैं। दूध डेयरी सील करने की जानकारी संज्ञान में नहीं है। कोई कागज भी नहीं आया है इस संबंध में। कल (शुक्रवार) को डेयरी पहुंचकर ही इस बारे में कुछ कह पाएंगे।
- आशू अग्रवाल, पुत्र तुलसी प्रसाद अग्रवाल, संचालक गंगा डेयरी।
शासन के आदेश पर मैं गंगा डेरी की औद्योगिक प्रक्रिया को सील कर दिया गया है। जल प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की टीम ने नियमानुसार संचालन नहीं होने की रिपोर्ट दी थी। जिस पर यह कार्रवाई की गई है।
- शिवकुमार, एसडीएम