समय बदला, तकनीक बदली और मनोरंजन के तौर-तरीके भी बदले, लेकिन रामलीला के प्रति युवाओं का आकर्षण आज भी कायम है। रामलीला देखने पहुंचे युवा न सिर्फ मंचन का आनंद लेते नजर नहीं आए, बल्कि पात्रों और प्रसंगों से जुड़ी जानकारी भी सोशल मीडिया पर साझा करते दिखे।
युवाओं का कहना था कि पहले पौराणिक कथाओं से जुड़ी जानकारी जुटाने में काफी समय लगता था, लेकिन अब सोशल मीडिया के माध्यम से किसी भी पात्र या प्रसंग के बारे में तुरंत जानकारी मिल जाती है। युवाओं के मुताबिक रामलीला के पात्रों और उनसे जुड़े रोचक प्रसंगों को जानना उन्हें पसंद है। इससे न केवल उनकी रुचि बढ़ती है, बल्कि किसी चर्चा या मंच पर वे अपनी बात तथ्यों के साथ रखने में भी सक्षम होते हैं।
बोले जेन जी दर्शक ...
रामलीला देखना मुझे बचपन से पसंद है। इस बार भी दोस्तों के साथ यहां आई हूं। मंचन के साथ रामायण के पात्रों और प्रसंगों के बारे में जानने की कोशिश करती हूं। किसी बात की जानकारी न हो तो मोबाइल पर तुरंत देख लेती हूं।
- दिव्या शर्मा, दुबे के पड़ाव
रामलीला में सिर्फ मनोरंजन नहीं, बहुत कुछ सीखने को भी मिलता है। अलग-अलग पात्रों की अपनी कहानी और महत्व है। सोशल मीडिया पर इनके बारे में रोचक जानकारी मिल जाती है, इसलिए रामलीला देखने के बाद उससे जुड़ी चीजें पढ़ना अच्छा लगता है।
- परी, कोयला वाली गली
आजकल मोबाइल और सोशल मीडिया के दौर में भी रामलीला देखने का अपना अलग मजा है। मंच पर पात्रों को देखकर उनसे जुड़ी कहानी जानने की उत्सुकता होती है। कई बार ऐसी बातें पता चलती हैं, जो पहले मालूम नहीं थीं।
- लक्ष्मी, नौरंगाबाद
रामलीला की कहानियां हमें अपनी संस्कृति और परंपरा से जोड़ती हैं। मुझे खासतौर पर अलग-अलग पात्रों के बारे में जानना अच्छा लगता है। अगर किसी प्रसंग को लेकर मन में सवाल आता है, तो मोबाइल से तुरंत उसकी जानकारी मिल जाती है।
- वैष्णवी, धोबी वाली गली