अलीगढ़ में सपा के पूर्व विधायक हाजी जमीरउल्लाह ने कासगंज पुलिसकर्मी हत्याकांड के बाद हुए एनकाउंटर पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने यूपी पुलिस की चंबल के डाकुओं से तुलना कर डाली। उन्होंने कहा कि हत्या के बदले हत्या पुलिस करेगी तो डाकू और पुलिस में क्या अंतर रह गया। पूर्व विधायक ने कहा कि आरोपी की सजा उसके भाई को देकर एनकाउंटर किया गया है।
आपको बता दें कि उत्तर प्रदेश के कासगंज जिले में पुलिस टीम पर हमला कर सिपाही देवेंद्र जसावत की हत्या करने वाले शराब माफिया को पुलिस ने मुठभेड़ में मार गिराया है। आरोपी का नाम एलकार है, जबकि दूसरा आरोपी फरार बताया है। जानकारी के अनुसार थाना सिढ़पुरा क्षेत्र में बुधवार तड़के काली नदी की कटरी किनारे मुठभेड़ हुई।
आरोपी एलकार गांव धीमर का रहने वाला था। मुख्य आरोपी मोती फरार है, उस पर 11 मामले दर्ज हैं। उसकी तलाश की जा रही है। एलकार भी पुराना हिस्ट्रीशीटर था। उस पर भी कई मामले दर्ज हैं।
थाना सिढ़पुरा क्षेत्र के गांव नगला धीमर और नगला भिकारी में अवैध शराब की सूचना पर दबिश देने पहुंचे दरोगा अशोक कुमार सिंह (नगला गबे, किशनी, मैनपुरी) और सिपाही देवेंद्र जसावत ( नगला बिंदू, डौकी, आगरा) पर शराब माफिया ने मंगलवार शाम को हमला कर दिया था।