महानगर के रामघाट रोड इलाके के प्रमुख न्यूरो सर्जन डॉ.नागेश वाष्र्णेय जिलाधिकारी के प्रति फेसबुक पर टिप्पणी करने में फंस गए हैं। उनके खिलाफ डीएम वार रूम की ओर से सिविल लाइंस थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है। हालांकि डॉक्टर का कहना है कि उन्होंने अपनी टिप्पणी पर खुद जिलाधिकारी से मिलकर खेद व्यक्त किया था।
वाकये के अनुसार रविवार को नकवी पार्क में फिजियोथेरेपी डे पर शिविर का आयोजन किया गया था, जिसमें डीएम डॉ.चंद्रभूषण सिंह बतौर मुख्य अतिथि शामिल हुए थे। इस आयोजन की पोस्ट आयोजकों की ओर से फेसबुक पर अपलोड की गई।
इस पोस्ट पर डॉ.नागेश वाष्र्णेय ने टिप्पणी करते हुए जिलाधिकारी के प्रति लिख दिया कि डीएम को मुख्य अतिथि बनाने की क्या जरूरत थी। इसके अलावा कुछ अन्य बातें भी टिप्पणी में लिखी गई हैं। यह टिप्पणी आयोजकों और वार रूम के जरिए डीएम तक पहुंची। इस पर डीएम की ओर से नाराजगी जताई गई। यह बात संज्ञान में आने पर डॉ.नागेश ने खुद डीएम के पास जाकर उनसे माफी भी मांगी।
इसके बाद वार रूम के कर्मचारी सत्यवीर सिंह की तहरीर पर सिविल लाइंस थाने में मुकदमा दर्ज कराया गया है। इंस्पेक्टर सिविल लाइंस अमित कुमार आईटीएक्ट की धारा 84 बी और 504 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। वहीं डॉ.नागेश का कहना है कि उनकी मंशा कुछ गलत नहीं थी। फिर भी उन्होंने अपनी टिप्पणी पर माफी मांगी थी।