पहले गांव शाहपुर और बाद में पिसावा कोतवाली परिसर में विद्युत विभाग की विजिलेंस टीम के जेई के खिलाफ धरना-प्रदर्शन करने वाले सौ से अधिक किसानों पर एफआईआर दर्ज हुई है। पिसावा थाने के दरोगा प्रविंद्र कुमार की ओर से दर्ज रिपोर्ट में भारतीय किसान यूनियन के गभाना तहसील अध्यक्ष वीनकरण सिंह फौजी सहित तीन लोग नामजद किए गए हैं।
12 दिसंबर को विद्युत विभाग की विजिलेंस टीम ने चेकिंग अभियान चलाया था। इस दौरान विद्युत मीटर और विद्युत लाइन की वीडियोग्राफी पर गांव राऊपुर के किसान प्रेमवीर सिंह के साथ टीम की कहासुनी हुई थी। इसके बाद जेई रवि कुमार कुमार सहित टीम के विरोध में गांव शाहपुर में भाकियू के तहसील अध्यक्ष गभाना वीरकरण सिंह फौजी और किसान मदनपाल के नेतृत्व में 30-40 किसानों ने सुबह नौ बजे से दोपहर 12 बजे तक सड़क पर धरना-प्रदर्शन किया था।इसके बाद 18 दिसंबर को भी दिन में 11 बजे से रात नौ बजे तक पिसावा थाने में सौ किसानों ने भाकियू नेता की अगुवाई में धरना-प्रदर्शन किया।
वादी दरोगा ने आरोप लगाया कि लाउडस्पीकर लगाकर विद्युत विभाग की टीम के विरुद्ध भाषणबाजी कर शांतिभंग की गई। इससे थाने पर आने वाले फरियादियों की सुनवाई नहीं की जा सकी और वह बिना अपनी शिकायत किए लौट गए। सरकारी कार्य बाधित हुआ। धरना-प्रदर्शन के समय थाने के गेट के सामने और सड़क पर किसानों की आवाजाही से राहगीर और एंबुलेंस जैसे वाहनों का आवागमन प्रभावित हुआ। आमजन परेशान रहे। दरोगा ने किसानों के पुनः धरना-प्रदर्शन और शांतिभंग करने की आशंका भी जताई है।