क्षेत्र की साधन सहकारी समितियों और वितरण केंद्रों पर खाद का संकट बरकरार है। सोमवार को भी कई समितियों व वितरण केंद्रों पर पहुंचे किसानों को खाद नहीं मिल सकी, जबकि किसान समितियों पर लंबी कतार लगाकर खाद वितरण होने का इंतजार करते देखे गए। कई जगह किसान आक्रोश जाहिर करते हुए वापस चले गए।
गौरतलब है कि सादाबाद क्षेत्र में आलू की बुवाई का समय चल रहा है। किसानों को इस समय खाद की सबसे ज्यादा जरूरत है। सोमवार को गांव मीरपुर स्थित समिति पर किसान सुबह से ही खाद के लिए कतार में खड़े हो गए। यहां काफी संख्या में महिलाएं भी खाद लेने पहुंचीं थीं, लेकिन जब सुबह 10 बजे तक भी खाद का वितरण शुरू नहीं किया गया तो किसानों का सब्र जवाब देने लगा।
बाद में समिति के सचिव ने कजरौठी पंचायत के किसानों को खाद का वितरण शुरू कराया। खाद का वितरण न होने की शिकायत पर मौके पर ग्राम प्रधान महाराज सिंह भी पहुंच गए।
इधर, वेदई की आत्मनिर्भर सहकारी समिति पर भी बड़ी संख्या में किसान खाद लेने पहुंच गए, लेकिन यहां किसानों को खाद के लिए टोकन का वितरण किया गया। मंगलवार को यहां खाद का वितरण किया जाएगा। राया रोड, मुरसान रोड, नगला जयलाल आदि जगहों के वितरण केंद्रों पर भी किसानों को खाद नहीं मिल सकी। यहां से किसान निराश होकर लौट गए।
कई दिन से खाद लेने के लिए समितियों के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन खाद नहीं मिल रही है। कहीं खाद है नहीं तो कहीं बांटी नहीं जा रही। फसल की बुवाई का वक्त तेजी से निकल रहा है।
-नरेंद्र निवासी महावतपुर
समितियों व वितरण केंद्रों पर पूर्व से ही पर्याप्त खाद का वितरण नहीं किया गया। इस वजह से किसान रोजाना समितियों पर दिन निकलते ही पहुंच रहे हैं, जिससे किसी भी प्रकार उन्हें खाद प्राप्त हो जाए और वह अपनी फसल की बुवाई कर सकें।
-डिप्टी सिंह निवासी बीजलपुर।