गणतंत्र दिवस पर संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर किसान-मजदूर और बिजली उपभोक्ताओं ने ट्रैक्टर मार्च निकाला। ट्रैक्टर मार्च लाल डिग्गी बिजली घर से कलेक्ट्रेट तक निकाला गया। जिसमें क्रांतिकारी किसान यूनियन, भाकियू एवं किसान सभा के सदस्य व पदाधिकारी शामिल हुए।
लाल डिग्गी बिजली घर पर ट्रैक्टर से लोग मार्च में शामिल हुए। ट्रैक्टर मार्च एएमयू सर्किल, टेलीफोन एक्सचेंज चौराहा, घंटाघर चौराहा, दीवानी कोर्ट से कलेक्ट्रेट पहुंचा। मार्च में 'स्मार्ट मीटर नहीं चलेंगें', 'बिजली विधेयक 2025 रद्द करो' ' किसान विरोधी बीज विधेयक वापस करो', चारों लेबर कोड वापस करो', 'किसान-मजदूर एकता जिंदाबाद' नारेबाजी हुई।
किसान नेता एसके शर्मा ने कहा कि केंद्र सरकार की ये नीतियां देश के किसानों, मज़दूरों और आम बिजली उपभोक्ताओं के हितों के खिलाफ हैं और इनका उद्देश्य कॉरपोरेट कंपनियों को लाभ पहुंचाना है। स्मार्ट मीटर के नाम पर जनता से जबरन वसूली की जा रही है। बिजली विधेयक-2025 बिजली के निजीकरण को बढ़ावा देगा और सस्ती बिजली की अवधारणा को समाप्त कर देगा।
मार्च में क्रांतिकारी किसान यूनियन के राष्ट्रीय महासचिव शशिकांत, प्रदेश उपाध्यक्ष नगेन्द्र चौधरी, शकुन्तला गांधी, बैंक इंप्लायज यूनियन के नेता प्रदीप चौहान, किसान सभा के जिलाध्यक्ष सूरजपाल उपाध्याय, इदरीश मोहम्मद भाकियू हरपाल के प्रदेश अध्यक्ष हरेन्द्र चौधरी, मानव सेवा दल अध्यक्ष के.बी. मौर्य, अशोक नगोला, सर्वेश सिंह, सत्यवीर चौधरी, कृष्णकांत सिंह, पुष्पेन्द्र सिंह, रूपेश कुमार, राजेश कुमार, पप्पू सिंह, नेतराम, नसीम राजा, गोकुल करन, रामवीर सिंह, हेम सिंह सुरजीत चौधरी, शिव कुमार सिंह, अवतार सिंह, प्रमोद कुमार वर्मा, उदयवीर सिंह, पूरनमल लोधी, निहाल सिंह आदि शामिल हुए।