जिकरुल के अनुसार बारिक संग मालदा में ही उसकी मुलाकात जुबेर से हुई। वही उन्हें नोट देता है। पिछले दिनों जेल जाने पर उसकी मुलाकात जेल में मुकेश उर्फ अमन से हुई। जमानत पर आने के बाद मुकेश ने ही उसे बाइक व मोबाइल दिलाया। फिर बारिक ने उसे अबकी बार मालदा से नोट लाकर दिए। घटना वाले दिन वह जुबेर द्वारा भेजे गए मालदा के व्यक्ति के क्यूआर कोड में रुपये डालने गया था। यह रुपये वहां उसे एडवांस के लिए भेजने थे। तभी पकड़ा गया।
अब तक बारिक व जिकरुल पिछले कुछ समय में बीस लाख की नकली करेंसी लेकर आए हैं। जिसमें से कुछ बाजार में चला दी है। कुछ अभी बारिक के पास है। एसपी सिटी के अनुसार अब बारिक व मुकेश की तलाश की जा रही है। उनसे बाकी करेंसी बरामद कर जेल भेजा जाएगा। यह भी साफ होगा कि अब तक उन्होंने अन्य कहां कहां से नकली करेंसी बाजार में खपा दी है। पकड़े गए जिकरुल पर दिल्ली, उत्तराखंड में भी दो मुकदमे हैं।