शहर की प्रसिद्ध श्रीकृष्ण लीला मंगलवार से शुरू हो गई। कुंज बिहारी शर्मा के निर्देशन में मथुरा, वृंदावन और मुंबई के कलाकारों द्वारा लीला का मंचन किया जाएगा। श्रीकृष्ण सेवा संस्थान के तत्वावधान में आगरा रोड स्थित चिरंजीलाल कन्या इंटर कॉलेज में श्री कृष्ण लीला महोत्सव का 50वां स्वर्ण जयंती समारोह मनाया गया।
शुभारंभ संस्थान के अध्यक्ष आशुतोष वार्ष्णेय, महामंत्री प्रेम प्रकाश माहेश्वरी के निर्देशन में राजीव अग्रवाल प्लस प्वाइंट ने किया। श्रीकृष्ण लीला में सालिग्राम तुलसी विवाह लीला का भावपूर्ण मंचन किया गया। मंच सज्जा और कलाकारों का अभिनय देख दर्शक मंत्र मुग्ध हो गए। इस बार कोरोना के चलते दो साल बाद श्रीकृष्ण लीला का मंचन हो रहा है। कलाकारों का अभिनय देखते ही बना।
मंचन में दिखाया गया कि वृंदा ने भगवान विष्णु को श्राप दिया कि तुम पत्थर के हो जाओ। एक नारी का दुख नहीं देख सके, तुमने पत्थर की तरह छला है। भगवान विष्णु ने मुस्कुराते हुए कहा कि ये मेरे लिए वरदान होगा। भगवान विष्णु ने वरदान दिया कि कलियुग में तुम तुलसा बनोगी।
पहली पूजा तुम्हारी होगी, फिर मेरा पूजन होगा। इसलिए तुलसी के साथ सालिग्राम का भी पूजन किया जाता है। इस मौके पर श्री कृष्ण रासलीला, मयूर नृत्य के साथ ही लीला का मंचन हुआ। चैतन्य महाप्रभु की लीला भी दर्शकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बिंदु बनी रही।
दीप प्रज्ज्वलन प्रभाकर सिंह, सुधीर जैन, सत्येंद्र सिंह जादौन ने किया। संचालन राजेश सरकोडा ने किया। मुख्य अतिथि के रूप में विशाल गर्ग, विशिष्ट अतिथि सुमित सराफ, बिहारी जी सराफ, नवनीत महेश्वरी, देवेंद्र वार्ष्णेय, विनीत केला, विजय माहेश्वरी, संजीव गोदानी शामिल हुए।
आयोजन में डॉ. गोविंद माहेश्वरी, संयोजक पवन शर्मा, प्रचार मंत्री मनोज गुप्ता, गणेशीलाल वार्ष्णेय, तेजेंद्र गुप्ता टीआईसी, सुरेश चंद, देवेंद्र गुप्ता, आकाश कोल, शिव शंकर वार्ष्णेय, जुगल किशोर कुमार वार्ष्णेय, अनुराग शर्मा, मधुर राठी, नवनीत महेश्वरी, धर्मपाल यादव, आकाशदीप वार्ष्णेय, रामजी लाल आदि का सहयोग रहा।