थाना क्वार्सी इलाके में एलएलबी की छात्रा की गला रेत तक हत्या कर दी गई और उसका शव बोरे में बंद करके क्वार्सी के ही राजीव नगर में फेंक दिया गया। छात्रा गुरुवार की शाम घर से मेडिकल स्टोर से दवा लेने के लिए गई थी, उसके बाद वापस नहीं लौटी।
शुक्रवार की सुबह छात्रा का शव मिलने पर इलाके में सनसनी फैल गई। छात्रा की शिनाख्त होने पर पुलिस ने जांच कर मामले का खुलासा करते हुए इंटर कॉलेज के एक बाबू को गिरफ्तार कर लिया है। बाबू ने पूछताछ में स्वीकार किया है कि छात्रा उसे ब्लैकमेल कर रही थी और 15 लाख रुपये मांगने घर आयी थी। तभी उसने वारदात को अंजाम दिया।
तालिब नगर, जवां के रहने वाले अयोध्या प्रसाद नरौरा पावर हाउस में बतौर जूनियर इंजीनियर थे। रिटायरमेंट के बाद वह क्वार्सी गली नंबर एक में मकान बनाकर परिवार के साथ रहने लगे। करीब 12 साल पहले उनकी मौत हो गई।
परिवार में पत्नी ओमवती के अलावा बड़ी बेटी ऊषा, बबलू, सोनी, सुनीता (23) और स्वाति थे। सुनीता एलएलबी फाइनल की छात्रा थी। दो बड़ी बहनों की शादी हो चुकी है। इकलौता भाई दिल्ली मेट्रो में नौकरी करता है। परिजनों के मुताबिक सुनीता गुरुवार शाम छह बजे दवा लेने घर से निकली थी, फिर लौटी नहीं।
रातभर उसकी तलाश की, फिर थाने आकर सूचना दे दी। शुक्रवार की सुबह क्वार्सी बाईपास स्थित राजीव नगर पुलिया के पास बोरे से खून रिसता देख राहगीर रुक गए। पुलिस ने बोरा खोला तो युवती की लाश थी। शव के पास मिले आईडी से उसकी शिनाख्त कर ली गई।
सूचना पर परिजन भी आ पहुंचे। इंस्पेक्टर क्वार्सी के मुताबिक मृतका के परिजनों से अलग-अलग पूछताछ की गई। पता चला कि किसी नीटू सर के घर वह पैसे लेने गई है। पुलिस इंजीनियर कॉलोनी में नीटू के घर पहुंची। पूछताछ में उसने घटना कबूल करते हुए हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद करा दिया। पुलिस को बताया कि छात्रा उसे ब्लैकमेल कर रही थी।