चंडीगढ़ कोर्ट, हाईकोर्ट, अदालत, न्यायालय
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आगरा रोड इलाके के नामचीन कारोबारी पर हमले में आरोपी जिला पंचायत सदस्य दीपक चौधरी को सत्र न्यायालय से जमानत दे दी गई है। अदालत ने दीपक के जमानत आदेश में शर्त रखी है और कहा है कि इन शर्तों का उल्लंघन हुआ तो कार्रवाई होगी। वहीं, इसी मुकदमे में आरोपी दीपक के छोटे भाई कार्तिक चौधरी ने सोमवार को न्यायालय में समर्पण कर दिया। जहां से कार्तिक को जेल भेज दिया गया।
वाकया 10 जनवरी का है, जब सेंटर प्वाइंट से शुरू हुए विवाद में कारोबारी की कार में आगरा रोड पर इरादतन टक्कर मारी गई थी। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर मुकदमा दर्ज कर मडराक पुलिस ने जापान हाउस निवासी जिला पंचायत सदस्य दीपक चौधरी को जेल भेजा था, जबकि दीपक के भाई कार्तिक चौधरी व दो अन्य शोभांस व मोंटी की तलाश चल रही थी।
इसी क्रम में कार्तिक चौधरी ने सोमवार को सीजेएम न्यायालय में समर्पण कर दिया। उनके अधिवक्ता चंद्रशेखर दीक्षित ने बताया कि तीनों आरोपियों की समर्पण याचिका अदालत में दायर थी, जिसमें सोमवार को कार्तिक ने समर्पण किया। जहां से न्यायालय ने अभिरक्षा में लेकर कार्तिक को जेल भेज दिया।
अधिवक्ता चंद्रशेखर दीक्षित के अनुसार, जिला जज के न्यायालय में दायर दीपक चौधरी की जमानत अर्जी पर सोमवार को बहस हुई, जिसमें न्यायालय ने सशर्त जमानत मंजूर की है। न्यायालय ने आदेश दिया है कि अगर किसी भी स्थिति में शर्तों का उल्लंघन किया तो कानूनी कार्रवाई की जाएगी।