गांव बरका निवासी 15 वर्षीय मुस्तकीम पुत्र ननुआ दिल्ली में कपड़े सिलाई का काम करता था। वह दो दिन पूर्व ही गांव आया था। शनिवार को सुबह 11 बजे वह गांव के ही अपने साथी मुस्तकीम पुत्र बदलू व तीन चार छोटे बच्चों के साथ नहर में मछली पकड़ने गया था।
उसके साथ जा रहे कम उम्र के बच्चे तो पुल से होकर नहर पार कर गये। जबकि दोनों मुस्तकीम हाथ पकड़कर साइफन पर होकर नहर पार कर रहे थे। अचानक मुस्तकीम कर पैर फिसल गया, जिससे दोनों नहर में जा गिरे।
देखते ही देखते दोनों डूबने लगे, लेकिन बड़ा मुस्तकीम किसी तरह हाथ पैर मारकर बाहर आ गया। जबकि छोटा मुस्तकीम नहर में डूबने लगा। बाहर आये बड़े मुस्तकीम ने शोर मचाया तथा भागकर ग्रामीणों को बुला लाया। लेकिन तब तक मुस्तकीम डूब चुका था।
सूचना पर एसडीएम विमल अग्रवाल, सीओ ओपी सिंह, इंस्पेक्टर राजवीर सिंह आदि फोर्स पहुंच गया। एसडीएम खैर ने नरोरा एसडीएम से बात कर नरोरा से एक दर्जन गोताखोरों को बुलवाया है। साथ ही शाम को सोमना ड्रेन से पानी बंद करा दिया है।
बकौल एसडीएम सीओ रात्रि में सर्च ऑपरेशन के लिये जेनरेटर लगवाकर प्रकाश की व्यवस्था की गई है गोताखोर आने पर सर्च ऑपरेशन शुरू किया जायेगा। उन्होंने मृतक के परिजनों को सरकारी सहायता भी दिलवाये जाने की बात कही है।