क्राइम डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
क्वार्सी के गांव भगवानगढ़ी में रविवार रात रिक्शा चालक का कत्ल उसके बेटे ने ही किया था। पुलिस ने बेटे को गिरफ्तार कर इस हत्याकांड के रहस्य से पर्दा उठा दिया है। बेटा 4 से 5 लाख रुपये के कर्ज में डूबा हुआ था और वह कर्ज उतारने के लिए मकान बेचना चाहता था। इसी के विरोध को लेकर बाप-बेटों में विवाद हो रहा था।
घटना वाली रात इसी विवाद में गुस्से में आए बेटे ने चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी और गायब हो गया। बाद में पुलिस के बुलाने पर बेटा सामने नहीं आया, बल्कि परिवार ने जवाब दिया कि वह हमलावरों की दहशत में घर में छिप गया था। इसके बाद गायब हो गया।
एसएसपी अजय कुमार साहनी ने बुधवार को अपने कार्यालय में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि 22 जुलाई की रात गांव भगवानगढी के 52 वर्षीय रिक्शा चालक सत्यप्रकाश उर्फ सत्यवीर पुत्र सोनपाल की घर के दरवाजे पर ही गला काटकर व चाकुओं से गोदकर हत्या की गई थी। इस संबंध में अज्ञात में परिवार के बजाय ग्राम प्रधान मुन्ना ने मुकदमा दर्ज कराया था।
दौरान-ए-जांच यह तथ्य उजागर हुआ कि मृत सत्यप्रकाश का बेटा दिनेश कुमार बघेल का अपने पिता से मकान बेचने को लेकर विवाद चल रहा था। दिनेश पर करीब 4-5 लाख रुपये का कर्जा हो गया था, जिससे वह मकान बेचना चाहता था, मगर सत्यप्रकाश इसका विरोध कर रहे थे। इसी कलह के कारण दिनेश का छोटा भाई राहुल यहां से मुंबई में जाकर नौकरी कर रहा है।
इधर, इसी विवाद में बाप-बेटों के बीच आए दिन झगड़ा होता रहता था। घटना वाली रात इसी झगड़े के दौरान दिनेश कत्ल कर गायब हो गया। जब दिनेश के खिलाफ पुख्ता सबूत मिल गए तो उसकी तलाश शुरू की गई। बुधवार सुबह उसे एफएम टॉवर क्वार्सी बाईपास से दबोच लिया गया। वह कहीं भागने की तैयारी में था, तभी वह मिल गया। उसने हत्या में प्रयुक्त चाकू भी बरामद कराया।