लापता होने और मिलने के बाद के फोटो नेहा और ब्रूडो
- फोटो : सोशल मीडिया
चार दिन की बेचैनी, लगातार तलाश और सोशल मीडिया पर मदद की अपील के बाद आखिरकार क्रिकेटर रिंकू सिंह का पालतू डॉगी ब्रूडो अपने घर लौट आया। शुक्रवार को पिखलौनी गांव में एक परिवार के पास मिले ब्रूडो ने जैसे ही रिंकू के बड़े भाई सोनू सिंह को देखा, वह उनसे लिपट गया। अपने बिछड़े साथी का यह अपनापन देखकर सोनू भी भावुक हो उठे। ब्रूडो की सकुशल वापसी से परिवार ने राहत की सांस ली।
ब्रूडो 12 अक्तूबर की सुबह घर से लापता हो गया था। परिवार उसकी तलाश में जुटा था, लेकिन कोई सुराग नहीं मिल रहा था। गुरुवार को रिंकू की बहन नेहा सिंह ने सोशल मीडिया पर उसकी तस्वीर साझा कर लोगों से मदद मांगी। पोस्ट के जरिये मिली जानकारी ने तलाश को अंजाम तक पहुंचा दिया। शुक्रवार सुबह करीब 10:30 बजे सोनू सिंह के एक परिचित ने फोन कर बताया कि ओजोन सिटी से करीब पांच किलोमीटर दूर पीएसी की 45वीं वाहिनी के पीछे स्थित पिखलौनी गांव में ब्रूडो जैसा दिखने वाला डॉगी एक परिवार के पास है।
सूचना मिलते ही सोनू अपने चार-पांच साथियों के साथ गांव पहुंच गए। गांव में परिवार के सामने ब्रूडो को लाया गया तो सोनू को देखते ही वह उनसे लिपट गया। उसके व्यवहार ने पहचान को लेकर रही-सही शंका भी दूर कर दी। सोनू के मुताबिक, परिवार ने बताया कि उनके बच्चे ओजोन सिटी के पास एक स्कूल में पढ़ने जाते हैं। इसी दौरान उन्हें ब्रूडो स्कूल के आसपास खेलता मिला था। वे उसे अपने साथ घर ले आए थे और पिछले तीन-चार दिनों से उसकी देखभाल कर रहे थे।
सोशल मीडिया बना तलाश का सहारा
सोनू सिंह ने बताया कि ब्रूडो को खोजने के लिए पुलिस की मदद नहीं ली गई। नेहा की सोशल मीडिया पोस्ट और लोगों के सहयोग से ही उसका पता चल सका। ब्रूडो के मिलने की जानकारी फोन और वीडियो कॉल के जरिये रिंकू सिंह को भी दे दी गई।
सोनू ने डॉगी को लौटाने वाले परिवार के प्रति आभार जताते हुए कहा कि परिवार ने उसे खुशी-खुशी वापस कर दिया है, इसलिए उन्हें किसी से कोई शिकायत नहीं है। उन्होंने परिवार की पहचान सार्वजनिक नहीं करने की बात भी कही। उधर, नेहा सिंह ने ब्रूडो की सुरक्षित वापसी पर खुशी जाहिर करते हुए मदद करने वालों का आभार व्यक्त किया।